Bharat Express DD Free Dish
Pension Mission Shakti Digital
Pension Mission Shakti Digital

Sanskrit Shlok

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर वीर साधक को लेकर संदेश देते हुए सुभाषित साझा किया. इस सुभाषित के जरिए बताया गया कि निजी सुख का त्याग कर स्वराज्य की साधना में समर्पित साधक वास्तव में राष्ट्र के लिए धन्य माने जाते हैं.

पीएम नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया पर एक प्रेरणादायक संस्कृत सुभाषित साझा किया है, जो अच्छे इंसान और सच्चे मित्र के मूल गुणों को रेखांकित करता है. इस श्लोक में पवित्रता, त्याग, शौर्य, सुख-दुख में समभाव, उदारता और सच्चाई जैसे मानवीय मूल्यों को जीवन का अहम हिस्सा बताया गया है.

PM Modi Niti Shatakam Shlok: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भर्तृहरि के नीतिशतकम् का श्लोक साझा कर धैर्य, साहस और लक्ष्य के प्रति दृढ़ रहने का संदेश दिया.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ऋग्वेद का पावन मंत्र साझा कर पापरहित जीवन, धर्म, सत्य और कल्याण के मार्ग पर चलने का संदेश दिया. इस वैदिक श्लोक में मानव जीवन को नौका और संसार को सागर मानते हुए सुख, शांति और मंगल की प्रार्थना की गई है.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अथर्ववेद के वैदिक मंत्र ‘सहृदयं सांमनस्यमविद्वेषं…’ को साझा कर प्रेम, सौहार्द और सामाजिक सद्भाव का संदेश दिया.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संस्कृत सुभाषित साझा कर लोगों को छोटे-बड़े हर स्रोत से ज्ञान और अच्छाई का सार ग्रहण करने की सीख दी. श्लोक में विवेकशील व्यक्ति की तुलना मधुमक्खी से की गई है, जो हर फूल से केवल मकरंद ग्रहण करती है.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संस्कृत सुभाषित साझा कर ‘अभयदान’ की महिमा बताई और जीवन की रक्षा को सबसे बड़ा दान बताया. इससे एक दिन पहले पीएम ने बुद्धिमान व्यक्ति की पहचान और गोपनीयता पर आधारित श्लोक भी साझा किया था.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संस्कृत सुभाषित के जरिए मानव जीवन की सार्थकता और समाज के प्रति सेवा व परोपकार के महत्व को रेखांकित किया. श्लोक में प्राण, धन, बुद्धि और वाणी जैसी शक्तियों का इस्तेमाल दूसरों के कल्याण के लिए करने का संदेश दिया गया है.

अंतर्राष्ट्रीय युवा दिवस पर पीएम मोदी ने युवाओं को भारत की सबसे बड़ी शक्ति बताते हुए संस्कृत श्लोक के जरिए चरित्र और श्रेष्ठ कर्मों का संदेश दिया. ऋग्वेद के इस सुभाषित में सकारात्मक सोच, मधुर वाणी और अच्छे कर्मों से समाज का विश्वास जीतने की प्रेरणा दी गई है.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 11 अगस्त को संस्कृत सुभाषित साझा कर जीवन को प्रकाशित करने वाले आठ महत्वपूर्ण गुणों का संदेश दिया. प्रज्ञा, सदाचार, संयम, ज्ञान, पराक्रम, मधुर वाणी, दान और कृतज्ञता को उन्होंने व्यक्तित्व निर्माण की आधारशिला बताया.