Bharat Express DD Free Dish
Pension Mission Shakti Digital
Pension Mission Shakti Digital

CM योगी की मौजूदगी में लखनऊ में शिक्षक गरिमा सम्मेलन हुआ संपन्न, विधायक राजेश्वर सिंह ने शिक्षा और संस्कार पर रखी बात

CM Yogi Adityanath: राजधानी लखनऊ के डॉ. भीमराव अंबेडकर प्रेक्षागृह में रविवार को अखिल विश्व गायत्री परिवार की ओर से प्रांतीय शिक्षक गरिमा सम्मेलन आयोजित किया गया. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मौजूदगी में हुए इस कार्यक्रम में प्रदेशभर से आए शिक्षकों को सम्मानित किया गया.

CM Yogi Adityanath

CM Yogi Adityanath

CM Yogi Adityanath: राजधानी लखनऊ के डॉ. भीमराव अंबेडकर प्रेक्षागृह में रविवार को अखिल विश्व गायत्री परिवार की ओर से प्रांतीय शिक्षक गरिमा सम्मेलन आयोजित किया गया. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मौजूदगी में हुए इस कार्यक्रम में प्रदेशभर से आए शिक्षकों को सम्मानित किया गया. कार्यक्रम में सरोजनीनगर के विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने भी हिस्सा लिया और शिक्षा, संस्कार व भारतीय संस्कृति को नई पीढ़ी से जोड़ने की जरूरत पर जोर दिया.

कार्यक्रम से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया. इसके बाद गायत्री मंत्रों के उच्चारण के बीच सम्मेलन की शुरुआत हुई. इस दौरान भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने और उत्तर प्रदेश में सबसे ज्यादा छात्रों की सहभागिता वाले 10 विद्यालयों के प्रबंधकों को सम्मानित किया गया. परीक्षा से जुड़ी स्मारिका का भी विमोचन किया गया.

CM Yogi Adityanath
दीप प्रज्ज्वलन करते सीएम योगी और साथ में सरोजनी नगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह

CM योगी ने बताया संस्कार और परिवार व्यवस्था का महत्व

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में अखिल विश्व गायत्री परिवार की सामाजिक भूमिका और परम पूज्य पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य के योगदान का उल्लेख किया. उन्होंने भारतीय परिवार व्यवस्था में संस्कारों और मूल्यों के महत्व पर जोर दिया.

मुख्यमंत्री ने कहा कि समाज में विचार और संस्कार आधारित संगठनों की अपनी महत्वपूर्ण भूमिका होती है. उन्होंने शिक्षा के साथ संस्कारों को भी जरूरी बताया और शिक्षकों के योगदान को रेखांकित किया.

cm-yogi-teacher-garima-conference-lucknow-rajeshwar-singh-education-sanskar
सीएम योगी के साथ में सरोजनी नगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह

इस दौरान सरोजनीनगर में शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की भी चर्चा हुई. मुख्यमंत्री की ओर से इन प्रयासों की सराहना किए जाने पर डॉ. राजेश्वर सिंह ने उनका आभार जताया.

डॉ. राजेश्वर सिंह ने बताया शिक्षा को लेकर अपना मॉडल

सम्मेलन में डॉ. राजेश्वर सिंह ने शिक्षकों के प्रति सम्मान जताते हुए कहा कि शिक्षक केवल ज्ञान देने वाले नहीं होते, बल्कि विद्यार्थियों के भीतर संस्कार, अनुशासन, चरित्र और राष्ट्रभाव पैदा करने वाले मार्गदर्शक भी होते हैं. उन्होंने कहा कि शिक्षक सम्मान सिर्फ किसी एक व्यक्ति का सम्मान नहीं, बल्कि उस ज्ञान परंपरा का सम्मान है, जिसने पीढ़ियों को जोड़ने का काम किया है.

cm-yogi-teacher-garima-conference-lucknow-rajeshwar-singh-education-sanskar
सीएम योगी का स्वागत करते सरोजनी नगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह

डॉ. राजेश्वर सिंह ने सरोजनीनगर में शिक्षा और युवा सशक्तिकरण के लिए किए जा रहे कार्यों का भी उल्लेख किया. उन्होंने बताया कि रण बहादुर सिंह (RBS) डिजिटल शिक्षा एवं युवा सशक्तिकरण केंद्रों की संख्या अब 18 हो चुकी है. इसके अलावा क्षेत्र में 80 से अधिक स्मार्ट क्लास और डिजिटल लाइब्रेरी तैयार की गई हैं, जबकि 350 से अधिक कंप्यूटर उपलब्ध कराए गए हैं.

उन्होंने बताया कि अब तक 2,000 से अधिक मेधावी विद्यार्थियों को लैपटॉप, टैबलेट और साइकिल जैसे शैक्षणिक संसाधनों से प्रोत्साहित किया गया है. ‘आपका विधायक आपके द्वार’ कार्यक्रम के जरिए भी हर सप्ताह मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित किया जाता है.

10 विद्यालयों के प्रबंधकों का सम्मान

कार्यक्रम में भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन और उत्तर प्रदेश में सर्वाधिक छात्र सहभागिता वाले 10 विद्यालयों के प्रबंधकों को सम्मानित किया गया. साथ ही परीक्षा से संबंधित स्मारिका का विमोचन भी किया गया.

इस मौके पर डॉ. राजेश्वर सिंह ने अखिल विश्व गायत्री परिवार के शिक्षा, संस्कार और भारतीय संस्कृति को नई पीढ़ी से जोड़ने के प्रयासों की सराहना की. उन्होंने कहा कि शिक्षा और संस्कार के जरिए ही मजबूत समाज और राष्ट्र का निर्माण किया जा सकता है.

cm-yogi-teacher-garima-conference-lucknow-rajeshwar-singh-education-sanskar
लोगों को संबोधित करते सीएम योगी

सम्मेलन में देव संस्कृति विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पांड्या ने भी शिक्षकों की भूमिका पर बात रखी. उन्होंने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य सिर्फ जानकारी देना नहीं, बल्कि संस्कार, चरित्र, संवेदना और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी से युक्त व्यक्तित्व तैयार करना है.

ये भी पढ़ें- क्या गुल खिला रहे हैं बृजभूषण?…’ सपा अध्यक्ष श्यामलाल पाल के मुंह से सब निकला

कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, विधान परिषद सदस्य डॉ. महेंद्र सिंह, केंद्रीय जोन प्रभारी परमानंद द्विवेदी, भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा के समन्वयक रामयश तिवारी समेत कई गणमान्य लोग और प्रदेशभर से आए शिक्षक मौजूद रहे.

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Pension Mission Shakti Digital