Devotees at Kashi Vishwanath: महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर काशी विश्वनाथ धाम में आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा. देशभर से आए श्रद्धालुओं ने भगवान शिव के चरणों में हाजिरी लगाई और विधिपूर्वक जलाभिषेक किया. इस वर्ष मंदिर प्रशासन के अनुसार, 11.69 लाख से अधिक भक्तों ने बाबा विश्वनाथ के दर्शन किए.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशानुसार, स्थानीय प्रशासन ने दर्शनार्थियों की सुरक्षा, सुविधा और आवश्यक संसाधनों की व्यापक व्यवस्था की थी. मंदिर प्रशासन ने भी सुचारु व्यवस्था सुनिश्चित की, जिससे श्रद्धालु बिना किसी परेशानी के दर्शन कर सकें.
प्रभातकाल से उमड़ी भक्तों की भीड़
महाशिवरात्रि के दिन तड़के सुबह से ही बाबा विश्वनाथ के दर्शन हेतु भक्तों की लंबी कतारें लग गईं. श्रद्धालु गंगाजल, बेलपत्र और दूध अर्पित कर भगवान शिव का जलाभिषेक कर रहे थे. जैसे-जैसे दिन चढ़ता गया, मंदिर प्रांगण और आसपास की गलियां भक्तों से भरती गईं. पूरे विश्वनाथ धाम में “हर-हर महादेव” के जयघोष गूंजते रहे, जिससे माहौल भक्तिमय हो गया.
हेलीकॉप्टर से हुई पुष्पवर्षा
इस विशेष अवसर को और अधिक भव्य बनाने के लिए योगी सरकार द्वारा श्रद्धालुओं पर हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा कराई गई. श्रीकाशी विश्वनाथ धाम और गंगा घाटों पर हुई इस पुष्पवर्षा से श्रद्धालु गदगद हो उठे. धार्मिक आस्था के सम्मान की इस परंपरा ने भक्तों के उत्साह को और भी बढ़ा दिया.
फरवरी में लाखों श्रद्धालुओं ने किए दर्शन
पूरे फरवरी महीने में रोजाना लाखों श्रद्धालु बाबा विश्वनाथ के दर्शन के लिए पहुंचे. कई तिथियों पर छह लाख से अधिक भक्तों ने बाबा के दरबार में हाजिरी लगाई, जबकि कुछ दिनों में यह संख्या सात से आठ लाख तक पहुंच गई. 26 फरवरी को महाशिवरात्रि के दिन श्रद्धालुओं की संख्या रिकॉर्ड 11.69 लाख रही.
फरवरी में श्रद्धालुओं की संख्या (चयनित तिथियां)

-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

