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16 साल से कम उम्र के बच्चे नहीं कर पाएंगे सोशल मीडिया का इस्तेमाल, सरकार ने उठाया ये बड़ा कदम

सरकार की योजना के मुताबिक, अगर ऑनलाइन प्लेटफॉर्म बच्चों के लिए एक्सेस को प्रतिबंधित करने में विफल साबित होते हैं, तो उन पर जुर्माना लगाया जाएगा.

Australia

16 से कम उम्र के बच्चे सोशल मीडिया का नहीं कर पाएंगे इस्तेमाल.

ऑस्ट्रेलियाई सरकार 16 साल से कम उम्र के बच्चों पर सोशल मीडिया का इस्तेमाल करने पर प्रतिबंध लगाने जा रही है. ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने इस संबंध में एक प्रस्ताव पेश किया है. ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी और संचार मंत्री मिशेल रोलैंड ने गुरुवार को सोशल मीडिया एक्सेस के लिए न्यूनतम आयु सीमा को 16 साल निर्धारित करने के लिए कानून बनाने का फैसला किया है.

पीएम ने की थी कानून लाने की घोषणा

इससे पहले, प्रधानमंत्री ने संसद में आयु सीमा के लिए कानून लाने की घोषणा की थी. हालांकि, उन्होंने एक निश्चित आयु की कट-ऑफ को लेकर प्रतिबद्धता जाहिर नहीं की थी. समाचार एजेंसी श‍िन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, उन्होंने गुरुवार को कहा कि सरकार सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर न्यूनतम आयु सीमा लागू करने के लिए कानून बनाएगी.

बच्चों के लिए खतरनाक सोशल मीडिया

उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कहा, “हमारे बच्चों को सोशल मीडिया नुकसान पहुंचा रहा है और मैं इस पर रोक लगाना चाहता हूं. यह एक चिंता का विषय है और हम जानते हैं कि इससे कितना सामाजिक नुकसान हो सकता है और हम इसके परिणामों को भी जानते हैं.”

लापरवाही पर कंपनियों पर लगेगा जुर्माना

सरकार की योजना के मुताबिक, अगर ऑनलाइन प्लेटफॉर्म बच्चों के लिए एक्सेस को प्रतिबंधित करने में विफल साबित होते हैं, तो उन पर जुर्माना लगाया जाएगा. हालांकि, 16 वर्ष से कम उम्र के यूजर्स और उनके माता-पिता या अभिभावकों पर ना तो कोई जुर्माना लगेगा और ना ही उन पर कोई कार्रवाई होगी. ऑस्ट्रेलिया सरकार द्वारा प्रस्तावित कानून संसद में पारित होने के 12 महीने बाद लागू होगा. इसे सरकार के सुरक्षा आयुक्त के कार्यालय द्वारा लागू किया जाएगा.

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प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने कहा, “यह दुनिया का अग्रणी कानून है और हम यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि हमने इसे सही तरीके से लागू किया है. हमें लगता है कि इसके लिए निश्चित रूप से कुछ अपवाद और छूट होंगे, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि अनपेक्षित परिणाम न हो, लेकिन हमें लगता है कि यह बिल्कुल सही बात है.”

-भारत एक्सप्रेस



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