China Mining Accident: चीन के उत्तरी प्रांत शांक्सी में शुक्रवार देर रात एक कोयला खदान में गैस विस्फोट हुआ. यह धमाका किनयुआन काउंटी की लिउशेन्यू खदान में हुआ, जहां उस समय 247 मजदूर काम कर रहे थे. इस हादसे में कम से कम 90 लोगों की मौत हो गई है. इसे साल 2009 के बाद चीन का सबसे बड़ा खनन हादसा बताया जा रहा है.
खदान और कंपनी का विवरण
सरकारी मीडिया शिन्हुआ के अनुसार, जिस खदान में धमाका हुआ उसका संचालन शांक्सी टोंगझोउ ग्रुप लिउशेन्यू कोल इंडस्ट्री करती है. यह कंपनी 2010 में बनी थी और शांक्सी टोंगझोउ कोल कोकिंग ग्रुप के अधीन काम करती है. हादसे के बाद कंपनी से जुड़े अधिकारियों को हिरासत में लिया गया है.
राहत और बचाव अभियान जारी
स्थानीय इमरजेंसी मैनेजमेंट अथॉरिटी ने बताया कि धमाके के बाद बड़े पैमाने पर बचाव अभियान शुरू किया गया है. शांक्सी प्रांत से सात रेस्क्यू और मेडिकल टीमें, जिनमें 755 लोग शामिल हैं, मौके पर भेजी गई हैं. धमाके के कारणों की जांच भी शुरू कर दी गई है.
राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री का बयान
चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि घायलों के इलाज और राहत कार्य में कोई कमी नहीं होनी चाहिए. उन्होंने हादसे की पूरी जांच करने और जिम्मेदार लोगों पर सख्त कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं. प्रधानमंत्री ली कियांग ने भी समय पर सही जानकारी देने और जिम्मेदारी तय करने पर जोर दिया है.
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पुराने हादसों की याद
चीन में कोयला खदानों में सुरक्षा को लेकर पहले भी सवाल उठते रहे हैं. हालांकि 2000 के बाद नियम सख्त किए गए, जिससे हादसों में कमी आई. लेकिन 2009 में हेइलोंगजियांग प्रांत में हुए कोयला और गैस धमाके में 108 लोगों की मौत हुई थी और 133 लोग घायल हुए थे. शांक्सी का यह हादसा उसी त्रासदी की याद दिलाता है.
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-भारत एक्सप्रेस
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