Bharat Express DD Free Dish

“बेटियों की कसम…”, गर्ल्स डे पर ‘खून के बदले खून’ पर उतरा इस्लामी राष्ट्र, बदला लेने का किया ऐलान

Masoud Pezeshkian Girls Day: अमेरिका और इजरायल के खिलाफ ईरान अब खून के बदले खून पर उतर गया है. नेशनल गर्ल्स डे पर ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने दुश्मनों से बदला लेने की कसम खाई है. उन्होंने कहा कि अमेरिकी-यहूदी दुश्मनों ने उनकी बेटियों को शहीद किया है, लेकिन वो जान लें कि ईरान इसका बदला खून के बदले खून से लेगा.

Masoud Pezeshkian Girls Day

Masoud Pezeshkian Girls Day

Masoud Pezeshkian Girls Day: अमेरिका और इजरायल के खिलाफ ईरान अब खून के बदले खून पर उतर गया है. नेशनल गर्ल्स डे पर ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने दुश्मनों से बदला लेने की कसम खाई है. उन्होंने कहा कि अमेरिकी-यहूदी दुश्मनों ने उनकी बेटियों को शहीद किया है, लेकिन वो जान लें कि ईरान इसका बदला खून के बदले खून से लेगा.

ईरान में आज को हज़रत मासूमेह (अलैहिस्सलाम) की जयंती और नेशनल गर्ल्स डे मना रहा है. इस मौके पर ईरानी राष्ट्रपति ने ट्वीट कर सबको बधाई दी.

उन्होंने कहा कि मैं हज़रत मासूमेह की जयंती और नेशनल गर्ल्स डे पर अपने देश की बेटियों को बधाई देता हूं.

Masoud Pezeshkian Girls Day

खून बेकार नहीं जाएगा…

वो आगे कहते हैं कि,

हम सब अपने प्रियजनों खासकर मिनाब की मासूम बेटियों के खोने का दुख मना रहे हैं. जिन्हें अमेरिकी-यहूदी दुश्मनों ने रमजान के महीनों में जबरदस्ती थोपे गए युद्ध के पहले दिन ही शहीद कर दिया था. ईरान की मासूम जनता ये जान ले कि हमारी शहीद बेटियों का खून बेकार नहीं जाएगा.

बता दें कि, 28 फरवरी 2026 को ईरान के मिनाब शहर में शजराह तैय्येबे गर्ल्स एलीमेंट्री स्कूल पर अमेरिका और इजरायल ने हमला कर दिया. इस हमले में 150 से ज्यादा स्कूली बच्चियां और स्कूल स्टाफ मारे गए.

टॉम हॉक मिसाइलों से हुआ था हमला

रिपोर्ट्स में सामने आया कि यह हमला अमेरिकी टॉम हॉक मिसाइलों से किया गया था. इस हमले में स्कूल पूरी तरह नष्ट हो गया था. पीड़ितों में अधिकतर छोटी-छोटी बच्चियां थी. जिनकी तस्वीरें, बैग और जूते मलबे से बरामद हुए थे.

इस हमले को लेकर दुनिया भर में अमेरिका और इजरायल की निंदा की गई. कई देशों में 40 दिनों तक शोक सभाएं आयोजित की गई थी.

ये भी पढ़ें- दमोह में किन्नर जिहाद: मुस्लिम युवकों ने बंधक बनाया और रात भर दी यातनाएं; क्या है खौफनाक साजिश?

हाल ही में भारत के ईरानी दूतावास में इन मासूम बच्चियों की याद में प्रदर्शनी लगाई गई थी. जिसमें ईरानी राजदूत ने कहा था कि मिनाब स्कूल पर हुए हमले ने मासूम जिंदगियों को छीन लिया. अब उन बच्चियों की चीजें उनके साथ हुए इस क्रूर अत्याचार की गवाही दे रही हैं.

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read