चिन के सिचुआन में 5.1 तीव्रता का भूकंप
China Earthquake: दक्षिण-पश्चिम चीन के सिचुआन प्रांत में शुक्रवार को भूकंप आया. चाइना अर्थक्वेक नेटवर्क्स सेंटर ने बताया कि लॉन्गचांग शहर में 5.1 तीव्रता के झटके दर्ज किए गए. यह घटना ऐसे समय में हुई है जब पड़ोसी देश नेपाल पहले से ही बाढ़ और भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदाओं से जूझ रहा है.
भूकंप का केंद्र
एक रिपोर्ट के अनुसार भूकंप का केंद्र लॉन्गचांग शहर था. फिलहाल चीन में जान-माल के नुकसान की कोई जानकारी सामने नहीं आई है.
नेपाल में हाल की आपदा
तीन दिन पहले नेपाल में भोटेकोशी नदी के पास भूस्खलन और बाढ़ से भारी तबाही हुई थी. इस हादसे में 490 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है और करीब 1,500 लोग अब भी लापता हैं. उसी इलाके में अब एक झील बन गई है, जिसमें लगातार पानी भर रहा है और इसके टूटने से नई बाढ़ का खतरा बना हुआ है.
नेपाल में हल्का भूकंप का झटका
इसी बीच नेपाल में शुक्रवार देर रात 3.2 तीव्रता का हल्का भूकंप भी दर्ज किया गया. हालांकि इस झटके से कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ.
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क्षेत्र में बढ़ी सतर्कता
सिचुआन में आए ताजा भूकंप ने हिमालयी क्षेत्र और आसपास के इलाकों में भूगर्भीय हलचल को लेकर चिंता और सतर्कता बढ़ा दी है. लगातार आपदाओं ने इस पूरे क्षेत्र को संवेदनशील बना दिया है.
क्यों आते हैं भूकंप?
आखिर भूकंप क्यों आते हैं? इसको समझने के लिए सबसे पहले पृथ्वी की संरचना को जानना जरूरी है. हमारी पृथ्वी टैक्टोनिक प्लेट्स पर स्थित है. इन प्लेटों के नीचे तरल पदार्थ लावा है. जिसपर टैक्टोनिक प्लेट्स तैरती रहती हैं. कई बार ऐसा होता है कि ये प्लेटें आपस में टकरा जाती हैं. बार-बार टकराने से इन प्लेट्स के कोने सिकुड़ जाते हैं या फिर टूटने लगते हैं. जिससे नीचे से निकली ऊर्जा बाहर निकलने के लिए रास्ते खोजती है. जिसमें डिस्टर्बेंस होता है और इसी के बाद भूकंप की स्थिति पैदा होती है.
भूकंप के समय क्या करें?
- खुले मैदान में चले जाएं और इमारतों से दूर रहें.
- टेबल या मजबूत फर्नीचर के नीचे छिपें और सिर को किसी तकिये या हाथ से ढक लें.
- लिफ्ट का इस्तेमाल न करें, सीढ़ियों का सहारा लें.
- बिजली के तारों, पेड़ों और ऊंची इमारतों से दूर रहें.
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