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महिला पहलवानों के साथ यौन उत्पीड़न मामले में महिला सब इंस्पेक्टर का बयान दर्ज

महिला पहलवानों के साथ यौन उत्पीड़न के मामले में कथित आरोपी बृज भूषण शरण सिंह के खिलाफ चल रहे ट्रायल के दौरान राऊज एवेन्यू कोर्ट में एक महिला सब इंस्पेक्टर का बयान दर्ज किया गया है.

Brij Bhushan sharan Singh

बृज भूषण शरण सिंह

Vikash Jha Edited by Vikash Jha

महिला पहलवानों के साथ यौन उत्पीड़न के मामले में कथित आरोपी बृज भूषण शरण सिंह के खिलाफ चल रहे ट्रायल के दौरान राऊज एवेन्यू कोर्ट में एक महिला सब इंस्पेक्टर का बयान दर्ज किया गया है. उसने पीड़ितों में से एक से साई सेंटर लखनऊ और सर छोटू राम स्टेडियम रोहतक की तस्वीरें एकत्र की थीं. गवाह ने बताया कि उन्होंने पीड़िता को नोटिस जारी किया था, लेकिन उसने साइट प्लान की तैयारी में भाग लेने से इनकार कर दिया. इसके बाद इंस्पेक्टर रवि ने साइट प्लान तैयार किया. एक अन्य अभियोजन पक्ष का गवाह जो पीड़िता है, वह मेडिकल आधार पर पेश नहीं हुई. अदालत ने पीड़िता को 23 अगस्त को बयान दर्ज करने के लिए बुलाया है.

राउज एवेन्यू कोर्ट कोर्ट के अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (एसीजेएम) प्रियंका राजपूत की अदालत अभियोजन पक्ष के साक्ष्य दर्ज कर रही है. कोर्ट ने सब इंस्पेक्टर रश्मि का बयान दर्ज किया. उनके परीक्षा प्रमुख को एक अतिरिक्त सरकारी अभियोजक (एपीपी) द्वारा दर्ज किया गया था. बचाव पक्ष के वकील राजीव मोहन ने गवाह से जिरह की. जिरह के दौरान गवाह ने कहा कि जांच उसे नहीं सौंपी गई थी लेकिन वरिष्ठ अधिकारियों के आदेश पर उसने जांच में भाग लिया. उन्होंने यह भी कहा कि उन्होंने पीड़िता एसएम को नोटिस जारी किया था, लेकिन उसने साइट प्लान की तैयारी में भाग लेने से इनकार कर दिया. इसके बाद इंस्पेक्टर रवि ने साइट प्लान तैयार किया.

अब कोर्ट ने पीड़िता एसएम को साक्ष्य दर्ज करने के लिए बुलाया है. पिछली तारीख पर कोर्ट ने कांस्टेबल मुकेश कुमार का बयान दर्ज किया था. 11 जुलाई को पूर्व सांसद और पूर्व डब्ल्यूएफआई प्रमुख बृजभूषण शरण और विनोद तोमर के खिलाफ कथित यौन उत्पीड़न मामले में अभियोजन पक्ष के गवाहों के बयान दर्ज करने और मुकदमा शुरू करने का निर्देश दिया था. 21 मई को कोर्ट ने बृजभूषण शरण सिंह और विनोद तोमर के खिलाफ औपचारिक रूप से आरोप तय किए. उन्होंने सभी आरोपों से इनकार किया और मुकदमे की मांग की. अदालत ने 10 मई को उनके खिलाफ आरोप तय करने का निर्देश दिया था.

अदालत ने 10 मई को पूर्व डब्ल्यूएफआई प्रमुख और भाजपा नेता बृज भूषण सिंह और तोमर के खिलाफ कई महिला पहलवानों द्वारा लगाए गए यौन उत्पीड़न के आरोपों पर ‘आरोप तय करने’ का आदेश दिया था. आदेश पारित करते हुए अदालत ने कहा था कि बृज भूषण शरण सिंह के खिलाफ पांच महिला पहलवानों के यौन उत्पीड़न और एक महिला की शील भंग करने के अपराध के साथ आगे बढ़ने के लिए पर्याप्त सामग्री है.

अदालत ने बृज भूषण शरण सिंह के खिलाफ धारा 354 और 354 ए (आईपीसी) के तहत आगे बढ़ने के लिए पर्याप्त सामग्री पाई. उनके खिलाफ दो महिलाओं के आरोपों पर धारा 506 (भाग 1) के तहत भी आरोप तय किए गए हैं. हालांकि, अदालत ने बृज भूषण को छठे पहलवान द्वारा लगाए गए आरोपों से मुक्त कर दिया था. अदालत ने दूसरे आरोपी विनोद तोमर के खिलाफ भी एक महिला के आरोप पर आईपीसी की धारा 506 (भाग 1) के तहत आरोप तय किए.

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-भारत एक्सप्रेस



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