Amit Shah Dharmendra Pradhan Meeting
Amit Shah Dharmendra Pradhan Meeting: संसद के मॉनसून सत्र के पहले ही दिन दिल्ली में राजनीतिक और प्रशासनिक हलचल तेज हो गई. सोमवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बीच करीब साढ़े तीन घंटे तक लंबी बैठक हुई. संसद भवन परिसर स्थित अमित शाह के कार्यालय में हुई इस बैठक को काफी अहम माना जा रहा है. हालांकि दोनों नेताओं के बीच किन मुद्दों पर बातचीत हुई, इसे लेकर सरकार की ओर से कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है.
यह बैठक ऐसे वक्त हुई, जब कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के हजारों समर्थक ‘चलो संसद’ मार्च के तहत संसद भवन की ओर बढ़ने की कोशिश कर रहे थे. प्रदर्शनकारी नीट पेपर लीक, परीक्षा प्रणाली में कथित गड़बड़ियों और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग कर रहे थे. इसके साथ ही केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग भी जोर-शोर से उठाई गई.
सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दिपके के नेतृत्व में 20 जून से दिल्ली के जंतर-मंतर पर धरना चल रहा है. संगठन का आरोप है कि देश की परीक्षा व्यवस्था में लगातार अनियमितताएं सामने आ रही हैं, लेकिन जिम्मेदार लोगों के खिलाफ ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही. सीजेपी का यह भी कहना है कि नीट-यूजी पेपर लीक से प्रभावित छात्रों को अब तक न्याय नहीं मिल पाया है.
सरकार और प्रदर्शनकारियों के बीच शुरू हुई बातचीत
प्रदर्शन के बीच सरकार और सीजेपी के प्रतिनिधियों के बीच बातचीत की पहल भी हुई. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने कर्तव्य भवन में सीजेपी के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की. संगठन की ओर से सौरव दास और आशुतोष रांका इस बातचीत में शामिल हुए और उन्होंने अपनी मांगों से जुड़ा ज्ञापन नड्डा को सौंपा.
सीजेपी ने अपने ज्ञापन में अस्पताल में भर्ती सोनम वांगचुक की रिहाई, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा और नीट 2026 पेपर लीक के बाद कथित रूप से आत्महत्या करने वाले छात्रों के परिवारों को एक-एक करोड़ रुपये की सहायता देने की मांग की है.
संगठन ने दिल्ली पुलिस पर शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों के खिलाफ बल प्रयोग करने का भी आरोप लगाया. सीजेपी ने कहा कि पुलिस को प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई रोकनी चाहिए, क्योंकि उनकी मांगें छात्रों और देश के युवाओं के भविष्य से जुड़ी हुई हैं.
नड्डा ने प्रदर्शन खत्म करने की अपील की
सीजेपी प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात के बाद जेपी नड्डा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बातचीत की जानकारी साझा की. उन्होंने कहा कि सोमवार सुबह पहली बार प्रदर्शनकारियों की ओर से सरकार से बातचीत का प्रस्ताव मिला था. इसके बाद सुबह करीब 11:50 बजे से प्रतिनिधियों के साथ चर्चा शुरू हुई.
नड्डा के मुताबिक, बातचीत सौहार्दपूर्ण माहौल में हुई. पहले प्रतिनिधिमंडल के साथ विस्तार से मौखिक चर्चा की गई और फिर शाम करीब चार बजे उन्हें लिखित ज्ञापन सौंपा गया. उन्होंने प्रदर्शनकारियों से धरना समाप्त करने और दिल्ली में सामान्य स्थिति बहाल करने में प्रशासन का सहयोग करने की अपील की.
-भारत एक्सप्रेस
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