दमकती त्वचा के लिए खाएं ये 5 जरूरी न्यूट्रिएंट्स
नोएल टाटा और रतन टाटा. (File Photo)
New Chairman of Tata Trust: रतन टाटा के निधन के बाद उनके सौतेले भाई नोएल टाटा को ‘टाटा ट्रस्ट’ की कमान सौंपी गई है. ‘टाटा ट्रस्ट’ टाटा ग्रुप का सबसे बड़ा स्टेक होल्डर है. मुंबई में आज हुई एक मीटिंग में ‘टाटा ट्रस्ट’ के चेयरमैन के रूप में नोएल के नाम पर सहमति बनी है.
नोएल अभी टाटा स्टील और घड़ी कंपनी टाइटन के वाइस चेयरमैन हैं. उनकी मां सिमोन टाटा, एक फ्रांसीसी-स्विस कैथोलिक हैं जो रतन टाटा की सौतेली मां हैं. वर्तमान में सिमोन टाटा ट्रेंट, वोल्टास, टाटा इन्वेस्टमेंट कॉर्पोरेशन और टाटा इंटरनेशनल की चेयरपर्सन हैं.
नोएल टाटा अपनी लो-प्रॉफिट लीडरशिप स्टाइल के लिए जाने जाते हैं. वे रतन टाटा की तरह मीडिया से नहीं मिलते. रतन टाटा का बुधवार, 9 अक्टूबर की रात को मुंबई के एक अस्पताल में 86 साल की उम्र में निधन हो गया था. वे टाटा संस के मानद चेयरमैन थे और सरकार ने उन्हें पद्म भूषण और पद्म विभूषण समेत कई पुरस्कारों से सम्मानित किया था.
बिजनेस एक्सपर्ट्स का कहना है कि नोएल अपने पारिवारिक संबंधों और ग्रुप की कई कंपनियों में भागीदारी के कारण टाटा की विरासत को आगे बढ़ाने के लिए एक मजबूत दावेदार थे. वे पहले से ही सर दोराबजी टाटा ट्रस्ट और सर रतन टाटा ट्रस्ट के ट्रस्टी हैं. अब जिस टाटा ट्रस्ट की कमान नोएल को मिली है, उसकी अहमियत और आकार को इस तरह समझा जा सकता है कि यह टाटा ग्रुप की परोपकारी संस्थाओं का समूह है, जो 13 लाख करोड़ रुपए के रेवेन्यू वाले टाटा ग्रुप में 66% की हिस्सेदारी रखता है.
यह भी पढ़िए: “मैंने एक प्रिय मित्र खो दिया”, रतन टाटा के निधन पर मुकेश अंबानी ने लिखा भावुक पोस्ट
— भारत एक्सप्रेस
नई दिल्ली में आयोजित भव्य समारोह में बॉलीवुड अभिनेता ने ब्रज क्षेत्र की सांस्कृतिक और…
दिल्ली-NCR और पूरे उत्तर भारत में रात 10:23 बजे भूकंप के झटके महसूस किए गए.…
वाराणसी के छोटी शीतला घाट स्थित शिव मंदिर का नाम 'पाकिस्तानेश्वर' से बदलकर 'सिंधु गंगेश्वर…
DRDO ने 21 किमी की ऊंचाई पर 'हाई एल्टीट्यूड प्लेटफॉर्म सिस्टम' (HAPS) का सफल परीक्षण…
ऑस्ट्रेलिया के पूर्व पीएम केविन रुड ने कहा कि डोनाल्ड ट्रंप के मन में पीएम…
उत्तर प्रदेश में 'प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना' से 2,942 मेगावाट क्षमता के रूफटॉप सोलर लग…