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मुंबई पहुंचे कनाडाई पीएम मार्क कार्नी, PM मोदी संग करेंगे क्षेत्रीय और वैश्विक विकास पर चर्चा

कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी अपनी पत्नी के साथ चार दिवसीय दौरे पर भारत पहुंचे हैं. यह उनका भारत का पहला आधिकारिक दौरा है, जिसमें वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर से मुलाकात करेंगे.

कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी अपनी पत्नी डायना फॉक्स कार्नी के साथ चार दिवसीय दौरे पर भारत पहुंच चुके हैं. यह पीएम कार्नी का भारत का पहला आधिकारिक दौरा है. उनके इस दौरे का मुख्य मकसद दोनों देशों के बीच संबंधों को और मजबूत करना और विभिन्न क्षेत्रों में साझेदारी बढ़ाना है.

विदेश मंत्रालय ने अपने आधिकारिक ट्विटर अकाउंट (एक्स) पर लिखा कि महाराष्ट्र के प्रोटोकॉल और मार्केटिंग मंत्री जय कुमार रावल ने मुंबई एयरपोर्ट पर पीएम कार्नी का स्वागत किया. मंत्रालय ने बताया कि यह दौरा भारत-कनाडा के साझा लोकतांत्रिक मूल्यों, लोगों के बीच मजबूत रिश्तों और विभिन्न क्षेत्रों में बढ़ते सहयोग को और आगे बढ़ाने का अहम कदम है.

मुंबई और नई दिल्ली में कार्यक्रम

पीएम कार्नी 28 फरवरी को मुंबई में आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे. इसके बाद 1 मार्च को नई दिल्ली पहुंचेंगे. 2 मार्च की सुबह डॉ. एस. जयशंकर से होटल लीला पैलेस में मुलाकात होगी, उसके बाद 10:30 बजे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से हैदराबाद हाउस में उनकी मुलाकात होगी.

मुलाकात के दौरान दोनों देशों के बीच एमओयू पर हस्ताक्षर होंगे और प्रेस स्टेटमेंट जारी किए जाएंगे. दोपहर में भारत-मंडपम में आयोजित भारत-कनाडा सीईओ फोरम की शुरुआत होगी, जिसमें दोनों प्रधानमंत्री शामिल होंगे. शाम तक कार्यक्रमों के बाद पीएम कार्नी अपने देश लौट जाएंगे.

क्या है इस दौरे का एजेंडा?

कनाडा के प्रधानमंत्री कार्यालय के मुताबिक, कार्नी का फोकस ‘भविष्य की साझेदारी’ पर है. बातचीत के टेबल पर सिर्फ व्यापार ही नहीं, बल्कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), रक्षा, ऊर्जा, खेती और शिक्षा जैसे गंभीर विषय भी होंगे. साथ ही, दोनों नेता आपसी चिंताओं और क्षेत्रीय सुरक्षा पर भी अपने विचार साझा करेंगे.

कनाडा सरकार ने भारत की तारीफ करते हुए उसे दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था और टेक्नोलॉजी का पावरहाउस बताया है. आंकड़ों की बात करें तो 2024 में दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार 30.8 बिलियन डॉलर तक पहुंच गया था, जो दिखाता है कि राजनीतिक तनाव के बावजूद व्यापारिक रिश्ते कितने गहरे हैं.

यह दौरा ऐसे वक्त हो रहा है जब भारत और कनाडा के संबंध एक नाजुक दौर से गुजर कर नॉर्मल होने की कोशिश कर रहे हैं. विदेश मंत्रालय का मानना है कि दोनों देशों की आर्थिक जरूरतें एक-दूसरे को पूरा करती हैं.

पीएम कार्नी का यह दौरा इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में अपनी पकड़ मजबूत करने की कनाडा की रणनीति का हिस्सा है.

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-भारत एक्सप्रेस



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