Bharat Express DD Free Dish
Kanya Sumangla Mission Shakti Digital
Kanya Sumangla Mission Shakti Digital

नफरत और भेदभाव के खिलाफ सपा की लड़ाई, बरेली जाने से पहले सांसदों को पुलिस ने रोका

‘आई लव मोहम्मद’ पोस्टर विवाद के बाद बरेली दौरे पर निकले समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल को मेरठ एक्सप्रेसवे पर रोक दिया गया.

I Love Mohammed Poster Controversy: ‘आई लव मोहम्मद’ पोस्टर विवाद के बाद बरेली दौरे पर निकले समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल को मेरठ एक्सप्रेसवे पर रोक दिया गया है. सपा (SP) सांसद हरेंद्र मलिक के साथ मोहिबुल्लाह और इकरा हसन शनिवार को दिल्ली से बरेली के लिए निकले थे लेकिन उन्हें पुलिस ने रोक दिया.

संविधान की धज्जियां उड़ाई जा रही-मोहिबुल्लाह

सपा सांसद मोहिबुल्लाह ने कहा कि,

“बरेली में कानून और संविधान की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं. एक खास समुदाय के लोगों को प्रताड़ित किया जा रहा है. पार्टी के निर्देश पर शनिवार को प्रतिनिधिमंडल उन लोगों को देखने के लिए जा रहा है. यह नफरत और भेदभाव के खिलाफ लड़ाई है, जिसमें समाजवादी पार्टी की जीत होगी.”

मोहिबुल्लाह ने यह भी कहा कि पुलिस ने बैरिकेडिंग की है, लेकिन हम लोग बरेली जाकर रहेंगे.

सांसद हरेंद्र मलिक ने क्या कहा?

पुलिस की तरफ से रोके जाने पर सपा सांसद हरेंद्र मलिक ने कहा कि अपने देश और प्रदेश में जाने पर भी हमारे साथ इस तरह का व्यवहार किया जा रहा है. उन्होंने कहा,

“अगर आतंकवादियों के साथ भी इस तरह का व्यवहार होता तो पुलवामा और पहलगाम अटैक न होते. उनको रोका जाना चाहिए था, यही असली बहादुरी थी. हम बरेली में लोगों के घाव पर मरहम लगाने के लिए जा रहे हैं. प्रदेश में जो सरकार की विचारधारा के लोग नहीं हैं, उन्हें टारगेट करने की कोशिश की जा रही है.”

ये भी पढ़ें- सिंगर जुबीन गर्ग की मौत पर इस देश ने दी अनोखी श्रद्धांजलि

सांसद इकरा हसन ने क्या कहना है?

इसी कड़ी में सांसद इकरा हसन ने कहा,

“बरेली में जो हालात बनाए गए हैं, उन्हें देखते हुए सभी के मन में चिंता है. लगातार एक समुदाय को प्रताड़ित किया जा रहा है. ‘आई लव मोहम्मद’ यह एक पॉजिटिव संदेश है. इसमें नफरत वाली कोई बात नहीं है, लेकिन इससे चिढ़ने के कारण प्रशासन कार्रवाई कर रहा है और इसमें सत्ता का हाथ है.”

क्या है पूरा मामला?

समाजवादी पार्टी ने बरेली में प्रदर्शनकारियों के ऊपर लाठीचार्ज के बाद उनसे मुलाकात के लिए 14 सांसदों और विधायकों का एक प्रतिनिधिमंडल भेजने का फैसला लिया था. इसमें समाजवादी पार्टी के सांसद जियाउर्रहमान बर्क और उत्तर प्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडे भी शामिल हैं. हालांकि, इन दोनों नेताओं को बरेली निकलने से पहले ही उनके घर में नजरबंद किए जाने का आरोप लगाया जा रहा है.

Also Follow Bharat Express on X

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Kanya Sumangla Mission Shakti Digital