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केंद्र के अध्यादेश के खिलाफ केजरीवाल को मिला TMC, NCP समेत कई दलों का साथ, क्या कांग्रेस मिलाएगी ‘हाथ’

केजरीवाल ने कहा, ”हमने आज दिल्ली सरकार के खिलाफ केंद्र के अध्यादेश पर चर्चा की। यह अलोकतांत्रिक और असंवैधानिक है. मुख्यमंत्री स्टालिन ने आश्वासन दिया है कि डीएमके AAP और दिल्ली के लोगों के साथ खड़ी रहेगी.

Arvind kejriwal

केंद्र के अध्यादेश के खिलाफ केजरीवाल को TMC, NCP समेत कई दलों का साथ

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केंद्र सरकार द्वारा लाए गए अध्यादेश के ख़िलाफ समर्थन जुटाने के लिए दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल इन दिनों विपक्ष के तमाम नेताओं से मुलाकात कर रहे है. वह आज झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मिलें और NCCSA अध्यादेश के विरोध में समर्थन की मांग की. केजरीवाल अभी तक 8 दलों का समर्थन जुटा चुके हैं. केजरीवाल इस अध्यादेश के विरुद्ध में तमाम विपक्षी दलों से मिलकर उनका समर्थन जुटाने में लगे है. विपक्षी दलों से वे सहयोग कि मांग कर रहे है. यह अध्यादेश जब संसद में पारित होने के लिए आए तो उसका समर्थन न करें, बल्कि विरोध करें ताकि कोर्ट का सम्मान बचा रहे और हमें एक चुनी हुई सरकार के रूप में पूरे अधिकार मिल सकें.

दिल्ली के बॉस बनने के लिए तैयार अरविंद केजरीवाल
दरअसल केजरीवाल चाहते हैं कि केंद्र द्वारा लाए अध्यादेश के राज्यसभा में निरस्त करवा दिया जाए, जिससे वह कानून का रूप नहीं ले पाएगा.  इसके बाद वह फिर से दिल्ली के बॉस बन जाएंगे और इसके लिए वह बीते 15 दिनों से कड़ी मशक्कत करते हुए नजर आ रहे हैं.

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केजरीवाल ने कई दलों के नेताओं से मुलाकात की
कई दलों के नेताओं से मुलाकात करने के बाद केजरीवाल ने दलों के नेताओं के साथ भी बातचीत की. जिस पर दलों के नेताओं ने अध्यादेश के विरोध में केजरीवाल का साथ देने का वादा भी कर दिया. लेकिन अभी तक कांग्रेस ने इस पर कोई जवाब नही दिया है. इस मुद्दे पर केजरीवाल ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी से भी मिलने का वक्त भी मांगा है.

कांग्रेस के लिए चुनौती है आप
आम आदमी पार्टी  ने कांग्रेस को पंजाब और गुजरात में गंभीर रूप से नुकसान पहुंचाया है, इसके अलावा आप सरकार बीजेपी राज्यों में भी कांग्रेस को कमजोर कर खुद दूसरे नंबर की पार्टी बनने की कोशिश कर रही है. ऐसे में यह समझना बहुत मुश्किल नहीं है कि कांग्रेस नेता क्यों आप सरकार को समर्थन देना चाह रहे हैं या उससे गठबंधन करना चाह रहे हैं.

-भारत एक्सप्रेस 



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