मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी (फोटो- X)
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन ‘हर घर जल’ को साकार करने की दिशा में उत्तराखंड ने आज एक बड़ी छलांग लगाई है. जल जीवन मिशन 2.0 के तहत केंद्र और राज्य सरकार के बीच एक महत्वपूर्ण एमओयू (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए हैं. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस कार्यक्रम में वर्चुअल माध्यम से जुड़कर इसे राज्य के विकास के लिए एक मील का पत्थर बताया.
मुख्यमंत्री धामी ने केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी.आर. पाटिल का आभार जताते हुए कहा कि मोदी सरकार के सहयोग से उत्तराखंड जैसे कठिन भौगोलिक परिस्थितियों वाले राज्य में विकास की नई गंगा बह रही है. यह एमओयू राज्य के लगभग 14 लाख ग्रामीण परिवारों के जीवन स्तर को सुधारने, बेहतर स्वास्थ्य और सुविधा प्रदान करने में गेम-चेंजर साबित होगा. अब तक राज्य में 16,500 से अधिक जल योजनाएं स्वीकृत हो चुकी हैं, जिनमें से अधिकांश पूरी हो चुकी हैं और बाकी पर युद्ध स्तर पर काम चल रहा है.
विपरीत परिस्थितियों में भी संकल्प से सिद्धि
उत्तराखंड में भूस्खलन, आपदा और दुर्गम पहाड़ियों के कारण योजनाओं को लागू करना किसी चुनौती से कम नहीं है. लेकिन प्रधानमंत्री मोदी के कुशल मार्गदर्शन में धामी सरकार ने ‘डिजिटल मॉनिटरिंग सिस्टम’ और ‘ग्लेशियर रिसर्च सेंटर’ जैसी आधुनिक तकनीक अपनाकर इस काम को मुमकिन कर दिखाया है. केंद्र सरकार ने न केवल फंड दिया है, बल्कि हिमालयी क्षेत्र के संरक्षण के लिए विशेष तकनीक और विशेषज्ञता भी साझा की है.
परंपरा और आधुनिकता का अद्भुत संगम
राज्य सरकार ने पारंपरिक जल स्रोतों जैसे नौले और धारों को बचाने के लिए ‘स्प्रिंग एंड रिवर रिजुविनेशन अथॉरिटी’ (SARA) का गठन किया है. बीते एक साल में ही 6,500 से अधिक जल स्रोतों को पुनर्जीवित किया गया है. मोदी सरकार की ‘कैच द रेन’ मुहिम को आगे बढ़ाते हुए राज्य ने 3.5 मिलियन घन मीटर वर्षा जल संचयन की उपलब्धि हासिल की है. 1,000 गांवों में पुराने तालाबों को फिर से जीवित करने का काम “जल शक्ति अभियान” के तहत तेजी से जारी है.
केंद्र ने थपथपाई धामी सरकार की पीठ
केंद्रीय मंत्री सी.आर. पाटिल ने राज्य सरकार के प्रयासों की जमकर तारीफ की. उन्होंने कहा कि जल संरक्षण के क्षेत्र में उत्तराखंड द्वारा किया जा रहा काम अन्य पहाड़ी राज्यों के लिए एक मॉडल है. केंद्र सरकार ने भरोसा दिलाया है कि उत्तराखंड की इस विकास यात्रा में बजट और संसाधनों की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी.
-भारत एक्सप्रेस
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