Bharat Express DD Free Dish
Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital
Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital

लोकसभा में ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पेश, चर्चा के लिए 10 घंटे का मिला समय

लोकसभा में स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर बहस शुरू हो गई है. विपक्ष ने उन पर पक्षपात और विपक्ष को बोलने का मौका न देने का आरोप लगाया है…

Parliament Latest Updates: लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ कांग्रेस सांसद मोहम्मद जावेद द्वारा लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर मंगलवार को बहस शुरू हो गई है. सोमवार को विपक्ष के हंगामे के कारण चर्चा नहीं हो सकी थी. विपक्षी दलों ने पश्चिम एशिया संकट पर चर्चा कराने की मांग को लेकर हंगामा किया था. बता दें कि बिरला के खिलाफ प्रस्ताव बजट सत्र के पहले हिस्से में ही लाया गया था. नौ मार्च यानी इस पर (No-confidence motion against Om Birla) चर्चा और वोटिंग होनी थी.

विपक्ष ने की बहस की शुरुआत

कांग्रेस नेता गौरव गोगोई ने अविश्वास प्रस्ताव पर बहस की शुरुआत की. चेयर पर बैठे बीजेपी सांसद जगदंबिका पाल ने बताया कि बहस के लिए कुल 10 घंटे दिए गए हैं. उन्होंने सभी सांसदों से प्रस्ताव पर टिके रहने और सदन की कार्यवाही में सहयोग करने की अपील की.

अध्यक्षता को लेकर उठे सवाल

लोकसभा में अध्यक्ष और डिप्टी स्पीकर की गैर मौजूदगी में अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा की अध्यक्षता को लेकर जमकर हंगामा हुआ. विपक्ष ने सवाल उठाया कि सदन को पहले एक स्पीकर का चुनाव करना होगा, तभी चर्चा हो सकेगी. विपक्ष का कहना है कि पीठासीन अधिकारी सदन की इस चर्चा की अध्यक्षता नहीं कर सकते. कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों ने मांग की कि स्पीकर के खिलाफ प्रस्ताव पर बहस के लिए पहले एक तटस्थ अध्यक्ष का चुनाव होना चाहिए.

प्रस्ताव का मुख्य आधार क्या?

कांग्रेस सांसद मोहम्मद जावेद ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला को पद से हटाने को लेकर नोटिस दिया था. प्रस्ताव में स्पीकर पर पक्षपातपूर्ण व्यवहार, सदन की कार्यवाही में अनियमितता और विपक्ष को बोलने का उचित अवसर न देने जैसे आरोप लगाए गए हैं. विपक्ष का कहना है कि स्पीकर ने विपक्ष की आवाज दबाई और सरकार के पक्ष में काम किया.

यह भी पढ़ें: ‘बेगानी जंग में गैर मुल्ला दीवाना’, ईरान-इजरायल युद्ध पर विपक्ष के रुख पर सुधांशु त्रिवेदी का करारा तंज

सदन में अविश्वास प्रस्ताव के क्या मायने?

स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव सदन में काफी दुर्लभ होता है. यह प्रस्ताव लोकसभा की कार्यवाही पर सीधा असर डालता है. विपक्ष ने इसे सरकार के खिलाफ राजनीतिक हथियार के रूप में इस्तेमाल किया है. बहस के दौरान दोनों तरफ से तीखे आरोप-प्रत्यारोप देखने को मिल रहे हैं. बहस 10 घंटे तक चलेगी और इसके बाद वोटिंग होगी. अभी तक एनडीए के पास स्पष्ट बहुमत है, इसलिए प्रस्ताव के पास होने की संभावना कम है.

Also Follow Bharat Express on Youtube

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital