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Trump Gaza Plan: इजरायल के पलटवार में तबाह हुए गाजा को अब दुबई जैसा भव्‍य शहर बनाना चाहते हैं ट्रम्‍प, फिलिस्तीनियों को देंगे ₹4-4 लाख मुआवजा

फिलिस्‍तीन की गाजा पट्टी, जहां से इजरायल पर आतंकी हमले होते थे, अब वो जगह इजरायल-हमास जंग के कारण बर्बाद हो चुकी है. अमेरिकी राष्‍ट्रपति ट्रम्प ने कहा कि वे गाजा को दुबई जैसा मेगासिटी बनाना चाहते हैं. इसके लिए करोड़ों डॉलर खर्चेंगे.

Donald Trump's Gaza Strip proposal

Trump’s ‘Gaza Riviera’ Plan: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की एक विवादास्पद योजना सामने आई है, जिसमें गाजा पट्टी को दुबई जैसा हाई-टेक टूरिस्ट और फाइनेंशियल हब में बदलने की बात है. वॉशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार, 38 पेज के सरकारी दस्तावेज में इस योजना का जिक्र है, जिसे ‘गाजा रीकंस्ट्रक्शन, इकोनॉमिक एक्सेलरेशन एंड ट्रांसफॉर्मेटिव ट्रस्ट’ (GREAT) नाम दिया गया है. पिछले 23 महीनों से इजराइली हमलों से तबाह गाजा को अब आधुनिक शहर बनाने की तैयारी है, जहां ऊंची इमारतें, नहरें और पर्यटन स्थल होंगे, जैसा कि प्रदान की गई एआई जनरेटेड इमेज में दिखाया गया है- दुबई की तरह नीली नहरों वाली शहर.

नई इमारतों को बेचकर कमाएंगे मुनाफा

इस मेगा प्रोजेक्ट की अनुमानित लागत 9 लाख करोड़ रुपए है. ट्रम्प इन नई इमारतों को ऊंचे दामों पर बेचकर मुनाफा कमाएंगे. योजना के तहत गाजा से करीब 20 लाख फिलिस्तीनियों को विस्थापित किया जाएगा. उन्हें शहर छोड़ने के बदले 4 लाख रुपए का मुआवजा, 4 साल तक का किराया और एक साल तक फ्री भोजन दिया जाएगा. विस्थापित लोगों को मिस्र, कतर या फिलिस्तीन के अन्य क्षेत्रों में बसाया जाएगा. जमीन मालिकों को डिजिटल टोकन मिलेंगे, जबकि अन्य को 323 वर्ग फीट के छोटे घरों में रहना होगा, जब तक पुनर्विकास पूरा नहीं होता.

israel trump gaza plan

एलन मस्क और सऊदी क्राउन प्रिंस

दस्तावेज में ट्रम्प के अलावा एलन मस्क और सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान का जिक्र है, जो इस प्रोजेक्ट में सहयोग कर सकते हैं. ट्रम्प के दामाद जेरेड कुशनर और पूर्व ब्रिटिश पीएम टोनी ब्लेयर की भूमिका अहम बताई गई है. कुशनर पहले गाजा के वॉटरफ्रंट को मूल्यवान संपत्ति कह चुके हैं. रिपोर्ट कहती है कि जितने ज्यादा लोग गाजा छोड़ेंगे, उतनी लागत कम होगी- हर 1% विस्थापन से 40 हजार करोड़ रुपए की बचत.

israel palestine gaza west bank map

मानवाधिकार संगठनों की आलोचना

मानवाधिकार संगठनों और एक्सपर्ट्स ने इस योजना को नरसंहार की साजिश करार दिया है. उनका कहना है कि यह फिलिस्तीनियों को जबरन निकालने का बहाना है, जो उनके अधिकारों का उल्लंघन है. गाजा को स्मार्ट सिटी बनाने का सपना दिखाकर लोगों को विस्थापित करना अनैतिक है. यह योजना इजराइल-फिलिस्तीन संघर्ष को नया मोड़ दे सकती है, जहां आर्थिक विकास के नाम पर मानवीय संकट बढ़ेगा.

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