Delhi Dwarka Court: दिल्ली की एक द्वारका कोर्ट ने एक महिला के खिलाफ अश्लील शब्द का इस्तेमाल करने पर चिंता जाहिर की है. कोर्ट ने कहा कि यह शब्द किसी महिला का अपमान किए जाने वाला ही शब्द नहीं है, बल्कि उसकी गरिमा का अपमान करने वाला शब्द भी है.
द्वारका कोर्ट के प्रथम श्रेणी के मजिस्ट्रेट हरजोत सिंह औजला ने यह कहते हुए व्यक्ति को आईपीसी की धारा 506 (आपराधिक धमकी) और धारा 509 (महिला की गरिमा का अपमान) के तहत दोषी ठहराया है.
शिकायतकर्ता महिला ने वर्ष 2021 में आरोपी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी, जिसमें आरोप लगाया गया था कि उसने उसके साथ अभद्र या गंदी भाषा का प्रयोग करके उसकी गरिमा का अपमान किया है.
साथ ही बलात्कार करने की धमकी भी दी है. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि व्यक्ति ने उससे कहा कि वह दरवाजा खोल दे, उसके साथ सेक्स करना है. इसके अलावा अश्लील शब्द का इस्तेमाल करते हुए कहा था कि तुझे मैं बताऊंगा, अपने आप को बहुत समझदार समझती है.
महिला की गरिमा भंग करने पर आरोपी दोषी करार
मजिस्ट्रेट ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए कहा कि जब किसी महिला के लिए अश्लील शब्द का इस्तेमाल किया जाता है, तो इसका मतलब है कि वह वफादार नहीं है.
अदालत ने कहा कि आरोपी द्वारा इस्तेमाल किए गए शब्द केवल अपमानजनक नहीं थे, बल्कि उसके चरित्र पर प्रहार किया गया था. महिला अनैतिक है और उसके चरित्र पर भी कलंक लगाती हैं.
यह किसी भी महिला की गरिमा का अपमान करने के लिए बहुत है. इन शब्दों का अर्थ यह भी है कि वह विभिन्न लोगों के साथ यौन संबंध बना रही है.
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-भारत एक्सप्रेस
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