Bharat Express DD Free Dish
Pension Mission Shakti Digital
Pension Mission Shakti Digital

विरोधाभासी बयान और फोरेंसिक रिपोर्ट के चलते आरोपी को अग्रिम जमानत, हाईकोर्ट का फैसला

दिल्ली हाईकोर्ट ने नाबालिग के विरोधाभासी बयानों और फोरेंसिक साक्ष्यों की अनुपस्थिति के आधार पर यौन उत्पीड़न के आरोपी को अग्रिम जमानत दी. कोर्ट ने कहा कि आरोपों पर टिप्पणी करना मुकदमे को प्रभावित कर सकता है.

Delhi HC

दिल्ली हाईकोर्ट (प्रतीकात्मक फोटो)

नबालिग पीड़िता के विरोधाभासी बयान के कारण दिल्ली हाईकोर्ट ने यौन उत्पीड़न के आरोपी को अग्रिम जमानत दे दी. जस्टिस रविंद्र डुडेजा ने कहा कि फारेंसिक साक्ष्य भी पीड़िता के बयान का समर्थन नहीं करता. उन्होंने याचिकाकर्ता को राहत देते हुए कहा कि अगर व्यक्ति को गिरफ्तार किया जाता है तो उसे 30-30 हजार रुपए के निजी मुचलके पर रिहा किया जाए. यह मामला वर्ष 2023 की है जब लड़की 10 वर्ष की थी.

नाबालिग पीड़िता के विरोधाभासी बयान का असर

कोर्ट ने कहा कि इस मामले में उनका टिप्पणी मुकदमे को प्रभावित कर सकता है. इसलिए आरोपों के गुण-दोष पर कुछ कहना उचित नहीं होगा. उन्होंने कहा कि इस बात से इनकार नहीं किया जा सकता कि अभियोक्ता के बयान विरोधाभासी है. इसके अलावा आरोपी पहले ही जांच में शामिल हो चुका है. लड़की के नमूने को फोरेंसिक विश्लेषण के लिए भेजे गए थे, लेकिन परिणामों के अनुसार साक्ष्यों में पुरुष डीएनए नहीं मिला.

आरोपी ने अग्रिम जमानत की मांग करते हुए कहा था कि उसका नाम प्राथमिकी में भी नहीं है. शुरू में लड़की ने अपने पिता के खिलाफ यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था. बाद में सोच-विचार करके और अपनी मां के उकसावे पर लड़की ने उसके खिलाफ आरोप लगा दिए. प्राथमिकी के अनुसार लड़की ने आरोप लगाया है कि सितंबर 2023 में पिता ने घर में उसका यौन शोषण किया और पिता की धमकियों के कारण लड़की ने मां को कुछ नहीं बताया था.

लड़की के पिता को गिरफ्तार किया गया और फिर जमानत पर रिहा किया गया. बाद में अक्टूबर 2023 में लड़की की मां ने पुलिस को शिकायत देकर दावा किया कि उसकी बेटी ने अब सही तथ्य उजागर कर दिया है कि उसका यौन उत्पीड़न उसके पिता ने नहीं, बल्कि पड़ोस में नाई का काम करने वाले व्यक्ति ने किया है.

ये भी पढ़ें: पाकिस्तानी गोलीबारी के पीड़ित परिवारों से मिले राहुल गांधी, दिलाया हर संभव मदद का भरोसा

-भारत एक्सप्रेस 



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Pension Mission Shakti Digital