सुप्रीम कोर्ट पश्चिम बंगाल में हो रहे एसआईआर मामले (SIR case) में दायर याचिका पर जल्द सुनवाई का भरोसा दिया हैं. सीजेआई सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने यह भरोसा दिया हैं. मामले की सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से पेश वकील ने कहा कि जिन लोगों ने नागरिकता के लिए आवेदन किया है, उनके आवेदन अभी लंबित हैं. गणना की अंतिम तिथि 4 दिसंबर हैं.
आप लोग इतने आशंकित क्यों: कोर्ट
सीजेआई सूर्यकांत ने कहा कि हमें नहीं पता, आप आवेदन करें हम देखेंगे. तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल, पुड्डुचेरी सहित कुछ अन्य जगहों पर एसआईआर को चुनौती देने वाली छह याचिकाओं पर सुनवाई के दौरान कोर्ट ने कहा था कि आप लोग इतने आशंकित क्यों है. आप ऐसे कर रहे है, जैसे पहली बार मतदाता सूची का सघन पुनरीक्षण हो रहा हो.
BLO की सुरक्षा मुस्तैद करने की मांग
बंगाल में टीएमसी विधायक की धमकी वाले वीडियो के बीच घर-घर जाकर मतदाताओं का सत्यापन करने वाले बीएलओ की सुरक्षा मुस्तैद करने की मांग उठी है. पश्चिम बंगाल में टीएमसी सांसद डोला सेन और पश्चिम बंगाल प्रदेश कांग्रेस समिति ने एसआईआर को चुनौती दी है, जबकि सीपीआईएम और डीएमके ने तमिलनाडु में एसआईआर को चुनौती दी थी. पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु दोनों जगह 23 साल बाद एसआईआर कराया जा रहा है.
SIR का उद्देश्य वोटर लिस्ट को अपडेट करना
इससे पहले इन दोनों राज्यों में आखिरी बार 2003 में हुआ था. एसआईआर का मकसद वोटर लिस्ट को अपडेट करना है. इसमें पुराने नाम हटाना शामिल हैं. केंद्रीय चुनाव आयोग ने 27 अक्टूबर को केरल समेत 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में मतदाता सूचियों की शुद्धि का अभ्यास शुरू करने के खिलाफ दायर याचिका में आईयूएमएल महासचिव पीके कुन्हालिकुट्टी ने कहा कि वैध और मौजूदा मतदाता सूची को दोबारा तैयार करने का यह व्यापक प्रयास अनुचित और मनमाना है.
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-भारत एक्सप्रेस
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