Shardiya Navratri 2025: व्रत में क्या खाएं और किन चीजों से करें परहेज? यहां जाने आपके लिए क्या रहेगा शुभ
व्रत के समय कुछ विशेष नियमों का पालन करना बेहद जरूरी होता है, खासकर खानपान से जुड़े नियम. आइए जानते हैं इस पावन पर्व में क्या खा सकते हैं और किन चीजों से परहेज करना चाहिए.
पितृ पक्ष 21 सितंबर तक: किसी मृत व्यक्ति की संतान न हो तो पत्नी कर सकती है श्राद्ध, पत्नी भी न हो तो कुटुंब लोग कर सकते हैं धूप-ध्यान
देशभर में पितृ पक्ष का पावन समय जारी है, जब परिवार अपने पूर्वजों की आत्मा की शांति के लिए श्राद्ध-धूप करते हैं. यह परंपरा सदियों से चली आ रही है और इसमें महिलाओं की भूमिका भी महत्वपूर्ण है.
Kerala mahotsav : केरल के ऐतिहासिक नारायणीयम् महोत्सव वैकुंठमृतम् में शामिल होंगे श्री महंत नारायण गिरि
Kerala mahotsav : भगवान गुरूवायुरप्पन की कृपा से केरल के गुरुवायुर में 5 से 10 दिसंबर तक ऐतिहासिक 10 वां नारायणीयम् महोत्सव वैकुंठमृतम् का आयोजन होगा।
Lord Ganesha : भगवान गणेश की पूजा अर्चना से जीवन में मिलती है सफलता : श्री महंत नारायण गिरि महाराज
Lord Ganesha : श्री महंत नारायण गिरी जी महाराज ने स्वयं विधि विधान से भगवान गणेश की पूजा अर्चना की और कहा कि इससे जीवन में मिलती है सफलता
फिर सिर उठा रहा अंडरवर्ल्ड! मुंबई के बड़े कारोबारी को पाकिस्तान से आ रहे धमकी भरे कॉल्स, मांग रहे 80 करोड़ रुपये
Underworld News: मुंबई में एक पेट्रोकेमिकल कारोबारी को फोन कर अंडरवर्ल्ड 80 करोड़ रुपये की फिरौती मांग रहा है. नहीं देने पर बाबा सिद्दकी जैसा हाल करने की धमकी दी है.
चाणूर और मुष्टिक कौन थे? जिन्होंने श्रीकृष्ण और बलराम पर किया हमला – लेकिन मिनटों में जान से हाथ धोना पड़ा
Krishna Janmashtami 2025: लगभग 5 हजार वर्ष पूर्व श्रीकृष्ण और बलराम ने चाणूर-मुष्टिक जैसे राक्षसों को अखाड़े में पराजित कर राक्षसराज कंस का वध किया और मथुरा नगरी को अत्याचार से मुक्त किया.
Shri Krishna ही महाकाल थे: जब युद्धभूमि में प्रकट हुआ माधव का भयंकर रूप…अर्जुन ने देखा- उनके मुख में समा रहे थे सारे योद्धा
भगवान श्रीकृष्ण ने अपना विराट रूप दिखाते समय अर्जुन को बतलाया था कि वह कुरुक्षेत्र में सभी पापियों को नष्ट करने के लिए प्रकट हुए हैं, क्योंकि उन्हें उस समय धरती से अधर्म का नाश करना था, इसलिए उन्होंने करोड़ों योद्धाओं को युद्ध के जरिए मुक्ति दी.
धरती पर ये थे वो बाहुबली जिनके पास थीं 1 हजार भुजाएं, बुराइयों के कारण हुई दुर्गति – इनमें से एक ने तो राक्षसराज रावण को भी भींच दिया था
हमारे पौराणिक इतिहास में “सहस्त्रबाहु” (1 हजार हाथों वाले) या हज़ार भुजाओं की शक्ति वाले योद्धाओं के नाम आते हैं. मौजूदा युग से पहले त्रेता और द्वापर युग में ऐसे बाहुबली भी थे जिनके 1 हजार भुजाएं थीं, और कइयों में तो 1-1 हजार हाथियों जितना बल था.
मनकामेश्वर मंदिर में श्रद्धालु नहीं चढ़ा सकेंगे पॉलीथिन और पैकेट से दूध
बहुत से भक्त शिवलिंग पर पैकेट से या फिर पॉलीथिन से दूध चढ़ाते हैं, वह पूरी तरह गलत है , शास्त्रों में शिवलिंग पर दूध सोने, चांदी ,तांबे या अन्य पात्र का उपयोग किए जाने का जिक्र है.
शिकागो के जैना कन्वेंशन में गूंजा अहिंसा का मंत्र, आचार्य लोकेश मुनि और स्वामी ज्ञानवत्सल ने मिलकर दिखाई करुणा की राह
शिकागो में हो रहा जैना कन्वेंशन न सिर्फ जैन समुदाय के लिए, बल्कि पूरी दुनिया के लिए शांति और सद्भाव का एक बड़ा मंच बन गया है. यहां भारत से लेकर अमेरिका-कनाडा तक के संत, विद्वान और सामाजिक कार्यकर्ता जुटे हैं.





