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वैशाख शुक्ल नवमी पर सीता नवमी और शनिवार व्रत का शुभ संयोग, रवि योग से दिन रहेगा मंगलमय

Aaj Ka Panchang 25 April 2026: 25 अप्रैल 2026 को वैशाख शुक्ल नवमी पर सीता नवमी और शनिवार व्रत का संयोग है. आज पूरे दिन रवि योग शुभ कार्यों के लिए फलदायी रहेगा, जबकि शाम से ज्वालामुखी योग अशुभ माना गया है.

Aaj Ka Panchang 25 April 2026: वैशाख शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि इस बार शनिवार के दिन पड़ रही है. आज का दिन धार्मिक दृष्टि से बेहद खास है क्योंकि सीता नवमी और शनिवार व्रत एक साथ मनाए जा रहे हैं. माता सीता और प्रभु श्रीराम की पूजा का विशेष महत्व है. मान्यता है कि इस दिन श्रद्धापूर्वक पूजा करने से दांपत्य जीवन में सुख-शांति आती है और अखंड सौभाग्य की प्राप्ति होती है.

सीता नवमी पूजा का शुभ मुहूर्त

आज सीता नवमी की पूजा का समय सुबह 11:01 बजे से दोपहर 1:38 बजे तक रहेगा. इस दौरान माता सीता और भगवान राम की विधि-विधान से पूजा करनी चाहिए. पूजा में फल, फूल, धूप-दीप और नैवेद्य अर्पित करने के बाद कथा सुनना और आरती करना शुभ माना गया है.

शनिदेव की आराधना

शनिवार व्रत के अवसर पर कर्मफलदाता शनिदेव की पूजा का विशेष महत्व है. भक्तों को नीले फूल, काले तिल, अक्षत, धूप, दीप, फल और काले गुलाब जामुन अर्पित करने चाहिए. शनि चालीसा और शनि रक्षा स्तोत्र का पाठ करने से शनि दोष कम होता है. पूजा के बाद शमी वृक्ष की सेवा करना और उसके नीचे सरसों या तिल के तेल का दीपक जलाना शुभ फल देता है.

हनुमान जी की पूजा

शनिवार को हनुमान जी की पूजा भी करनी चाहिए. हनुमान चालीसा का पाठ करने से शनि के दुष्प्रभाव कम होते हैं और साढ़ेसाती या ढैय्या से राहत मिलती है. भक्तों को तेल का दीपक जलाकर हनुमान जी की आरती करनी चाहिए.

दान का महत्व

शनिवार को दान करना अत्यंत पुण्यकारी माना गया है. आज के दिन काली उड़द, काले चने, लोहा, स्टील के बर्तन, कंबल, छाता, जूते-चप्पल आदि जरूरतमंदों को दान करने से शनि दोष शांत होता है और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा आती है.

आज का पंचांग

  • तिथि: नवमी शाम 6:27 बजे तक, उसके बाद दशमी
  • नक्षत्र: अश्लेषा रात 8:04 बजे तक, फिर मघा
  • करण: बालव सुबह 6:50 बजे तक, कौलव शाम 6:27 बजे तक, फिर तैतिल
  • योग: गण्ड रात 11:43 बजे तक, उसके बाद वृद्धि
  • चंद्र राशि: कर्क रात 8:04 बजे तक, फिर सिंह
  • सूर्योदय: 5:46 एएम
  • सूर्यास्त: 6:53 पीएम
  • चंद्रोदय: 1:09 पीएम
  • चंद्रास्त: 2:31 एएम (26 अप्रैल)

शुभ मुहूर्त

  • ब्रह्म मुहूर्त: 4:19 एएम – 5:02 एएम
  • अभिजीत मुहूर्त: 11:53 एएम – 12:46 पीएम
  • विजय मुहूर्त: 2:30 पीएम – 3:22 पीएम
  • अमृत काल: 6:29 पीएम – 8:04 पीएम
  • रवि योग: पूरे दिन

अशुभ समय

  • राहुकाल: 9:03 एएम – 10:41 एएम
  • यमगण्ड: 1:58 पीएम – 3:36 पीएम
  • गुलिक काल: 5:46 एएम – 7:24 एएम
  • दुर्मुहूर्त: 5:46 एएम – 6:38 एएम, 6:38 एएम – 7:31 एएम
  • दिशाशूल: पूर्व दिशा

विशेष योग

आज पूरे दिन शुभ रवि योग बना हुआ है, जो हर प्रकार के शुभ कार्यों के लिए फलदायी है. हालांकि शाम 6:27 बजे से दशमी तिथि और अश्लेषा नक्षत्र के संयोग से ज्वालामुखी योग बनेगा, जिसमें कोई भी शुभ कार्य नहीं करना चाहिए.

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कुल मिलाकर, आज का दिन धार्मिक अनुष्ठानों और व्रत-पूजा के लिए अत्यंत शुभ है. सीता नवमी और शनिवार व्रत का संयोग भक्तों को सौभाग्य, शांति और शनि दोष से मुक्ति दिलाने वाला है.

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-भारत एक्सप्रेस



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