संवाददाता-शिवांग तिमोरी
उत्तर प्रदेश के इटावा जिले में किसानों ने अपनी टमाटर की फसल को ट्रैक्टर से कुचलकर नष्ट कर दिया. इसका कारण यह था कि मंडियों में टमाटर के भाव इतनी कम हो गई थीं कि किसानों को अपनी लागत भी नहीं निकल पा रही थी. टमाटर की कीमतें एक-दो रुपये किलो तक गिर गई थीं, जिससे किसानों को भारी नुकसान हो रहा था.
किसानों को सही दाम नहीं मिल रहे
किसान बताते हैं कि उन्हें अपनी मेहनत का सही मूल्य नहीं मिल पा रहा है. फसल की तोड़ाई और अन्य खर्चों को लेकर भी उन्हें नुकसान उठाना पड़ रहा है. इटावा के भरथना क्षेत्र में सैकड़ों किसानों ने इस स्थिति से मजबूर होकर अपनी फसल पर ट्रैक्टर चलवाकर उसे नष्ट कर दिया. किसानों का कहना था कि बाजार में इतना सस्ता टमाटर बिक रहा था कि उनके लिए इसे तोड़वाने की मजदूरी भी निकलना मुश्किल हो गया था.
किसान परेशान, सरकार से मदद की अपील
किसानों का कहना है कि वे अपनी फसल को खेतों में ही नष्ट करने को मजबूर हो गए हैं क्योंकि उन्हें इसके लिए सही दाम नहीं मिल रहे हैं. वे सरकार से मदद की उम्मीद करते हैं ताकि इस समस्या का कोई स्थायी समाधान निकल सके और उन्हें उनके उत्पाद का उचित मूल्य मिल सके.
इटावा में इस प्रकार के घटनाक्रम से किसानों की परेशानियों और खेती में आर्थिक संकट की गंभीरता को बखूबी दर्शाता है.
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-भारत एक्सप्रेस
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