मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि संभल के 68 तीर्थों और 19 कूपों की निशानी मिटाने की कोशिश की गई. उसको खोजना हमारा काम था. हमने 54 तीर्थ खोजे और 19 कूपों को भी पाया. जो हमारा है, हमें मिल जाना चाहिए. इससे इतर कुछ नहीं.
उन्होंने कहा महाकुंभ में भारत के विकास और विरासत की छाप दिखाई दी. महाकुंभ में कोई जाति, धर्म, क्षेत्र का भेदभाव नहीं दिखाई दिया.
33 करोड़ महिलाओं ने किया सुरक्षित स्नान
महाकुंभ में 33 करोड़ महिलाएं आईं, लेकिन अपराध की एक भी घटना नहीं हुई. उन्होंने कहा आप भारत की आस्था के साथ खिलवाड़ करते हैं. आपने कहा कि हमारी सोच सांप्रदायिक है लेकिन आप हमें बताएं कि हम कैसे सांप्रदायिक हो सकते हैं?45 दिनों के आयोजन ने भारत की विरासत और विकास की एक अनुपम छाप न केवल भारत बल्कि पूरी दुनिया में छोड़ी है.महाकुंभ का आयोजन हमारे लिए अग्निपरीक्षा थी. इसमें केंद्र और राज्य सरकारें खरी उतरीं.
ये हमारे सनातन धर्म के लिए गौरव की बात है. ये सिर्फ आध्यात्मिक उपलब्धि नहीं है बल्कि इस आयोजन से हमारी अर्थव्यवस्था को साढ़े तीन लाख करोड़ का लाभ होने की उम्मीद है.
-भारत एक्सप्रेस
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