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आय से अधिक संपत्ति का मामला: इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंचे राहुल गांधी

आय से अधिक संपत्ति मामले में राहुल गांधी की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट 21 सितंबर को सुनवाई करेगा. कोर्ट ने हाईकोर्ट की सुनवाई पर रोक लगाते हुए सीबीआई-ईडी से जवाब मांगा था.

Supreme Court To Hear Rahul Gandhi DA Case On 21 September Bharat Express
Edited by Vaibhav Gupta

आय से अधिक संपत्ति के मामले में कांग्रेस नेता राहुल गांधी की ओर से दायर याचिका पर सुप्रीम कोर्ट 21 सितंबर को सुनवाई करेगा. पिछली सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट राहुल गांधी के खिलाफ याचिका दायर करने वाले विग्नेश शिशिर को नोटिस जारी कर जवाब मांगा था.

सीजेआई सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी. मोहना की बेंच राहुल गांधी की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई कर रही है.

हाई कोर्ट को रिपोर्च देने का निर्देश

पिछली सुनवाई के दौरान राहुल गांधी की ओर से पेश वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने याचिकाकर्ता के लोकश पर सवाल उठाए है. अदालत ने सीबीआई और ईडी को हाई कोर्ट को रिपोर्ट न सौपनें के निर्देश दिया था.

सुप्रीम कोर्ट ने सीबीआई की ओर से पेश एडिशनल सॉलिसिटर जनरल एस. वी राजू से कहा था कि एजेंसी को आखिर इतनी रुचि क्यों है. हाई कोर्ट ने मामले को सीबीआई और ईडी को एक बीजेपी कार्यकर्ता के आरोपों की जांच करने का निदेश दिया था.

सीबीआई का हलफनामा को अस्पष्ट

पिछली सुनवाई में कोर्ट ने टिप्पणी करते हुए कहा था कि ईडी जांच के लिए स्वतंत्र है. अदालत ने यह भी कहा था कि जांच के दौरान अगर किसी भी प्रकार की कोई गड़बड़ी पाई जाती है, तो एजेंसी को कानून के मुताबिक एक्शन ले सकता है. इस दौरान कोर्ट ने सीबीआई के हलफनामे को अस्पष्ट बताया था.

सीबीआई और ईडी के अलावा केंद्र सरकार के कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग, राजस्व विभाग, वित्त मंत्रालय, कॉरपोरेट मामलों के मंत्रालय और गंभीर कपट अन्वेषण कार्यालय (एसएफआईओ) के निदेशक को भी निर्देश दिया था कि वह गांधी के खिलाफ याचिकाकर्ता द्वारा लगाए गए आरोपों पर 8 सप्ताह के भीतर जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया था.

राहुल गांधी के पास आय से ज्यादा संपत्ति

बीजेपी कार्यकर्ता विग्नेश शिशिर का आरोप था कि राहुल गांधी के पास उनकी आय से अधिक संपत्ति है. हाई कोर्ट ने 12 मई 2026 के आदेश में कहा था कि यह उम्मीद की जाती है कि यदि याचिकाकर्ता की शिकायत सीबीआई और ईडी द्वारा प्राप्त हो गई है, तो शिकायत में लगाए गए आरोपों का कानून के अनुसार सत्यापन किया जाएगा.

हाई कोर्ट ने कहा था कि सीबीआई या ईडी कानून के तहत अनुमत उचित कदम उठा सकते है. इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने 12 मई को इस मामले में बंद कमरे में करीब दो घंटे तक सुनवाई की थी.

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-भारत एक्सप्रेस



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