Bharat Express DD Free Dish

अमित शाह ने लोकसभा में भरी हुंकार, कहा- कांग्रेस ने हमेशा पिछड़ों का हक मारा, मोदी सरकार ने दिया उनका असली अधिकार

Amit Shah Speech In Lok Sabha: गृह मंत्री ने कांग्रेस को याद दिलाते हुए कहा कि लोकसभा में राजीव गांधी ने 6 सितंबर 1990 को अपने जीवन का सबसे लंबा भाषण दिया था, लेकिन यह भाषण उन्होंने मंडल आयोग की रिपोर्ट लागू करने के विरोध में दिया था. उन्होंने कांग्रेस पर काका कालेलकर रिपोर्ट को भी दबाने का आरोप लगाया.

Amit Shah Speech In Lok Sabha

Amit Shah Speech In Lok Sabha

Amit Shah Speech In Lok Sabha: शुक्रवार को लोकसभा में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने महिला आरक्षण बिल पर चर्चा के दौरान विपक्ष के सवालों का जवाब दिया. कांग्रेस की तरफ से इस बिल को SC-ST और ओबीसी के हितों पर चोट करार दिया गया. जिसपर गृह मंत्री अमित शाह भड़क गए. उन्होंने कांग्रेस को ओबीसी समाज का विरोधी करार दिया.

अपने भाषण के दौरान गृह मंत्री ने कांग्रेस को याद दिलाते हुए कहा कि लोकसभा में राजीव गांधी ने 6 सितंबर 1990 को अपने जीवन का सबसे लंबा भाषण दिया था, लेकिन यह भाषण उन्होंने मंडल आयोग की रिपोर्ट लागू करने के विरोध में दिया था.

राजीव गांधी ने किया था मंडल आयोग का विरोध

अमित शाह ने कहा कि राजीव गांधी ने मंडल आयोग के विरोध में 2.5 घंटे तक भाषण दिया. तत्कालीन वीपी सिंह सरकार ने पिछड़े समाज को ओबीसी आरक्षण देने के लिए मंडल कमीशन की सिफारिशें लागू करने का फैसला किया था. जिसमें OBC वर्ग को 27 फीसदी आरक्षण देने की बात कही गई थी. तब विपक्ष में बैठे राजीव गांधी ने सिंह सरकार के इस फैसले का जमकर विरोध किया था.

गृह मंत्री ने कहा कि कांग्रेस पिछड़े वर्ग की बात करती है, लेकिन उनका इतिहास इसकी गवाही नहीं देता. राजीव गांधी मंडल आयोग के खिलाफ थे. अमित शाह ने कहा कि कांग्रेस हमेशा से ओबीसी को आरक्षण देने के पक्ष में नहीं रही है.

कांग्रेस ने दबाई काका कालेलकर रिपोर्ट

उन्होंने कांग्रेस पर काका कालेलकर रिपोर्ट को भी दबाने का आरोप लगाया. गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि कांग्रेस ओबीसी आरक्षण का हमेशा से विरोधी रही है. जबकि मोदी सरकार ने पिछड़ा वर्ग आयोग को संवैधानिक दर्जा देकर OBC समाज को उनका हक देने का काम किया.

ये भी पढ़ें- Special Parliament Session 2026: लोकसभा में गिरा महिला आरक्षण बिल, विरोध में पड़े 230 वोट

बता दें कि, साल 1990 में मंडल आयोग की सिफारिशें लागू होने के बाद देश में जातिगत माहौल गर्मा गया था. पूरे देश में मंडल कमिशन के विरोध में जमकर प्रदर्शन और आगजनी हुई. अमित शाह ने कांग्रेस के इसी इतिहास को उनके खिलाफ इस्तेमाल किया और लोकसभा में कांग्रेस के सारे तर्कों को ध्वस्त कर दिया.

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read