10 जनपथ में राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और केसी वेणुगोपाल ले रहे इंटरव्यू (इमेज-Bharat Express)
Rahul Gandhi New Team: कांग्रेस संगठन में बड़े बदलाव की कवायद तेज हो गई है. पार्टी में नई और युवा लीडरशिप को आगे बढ़ाने की रणनीति के तहत लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी खुद नए राष्ट्रीय सचिवों के चयन की प्रक्रिया में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं. राष्ट्रीय सचिव पद के लिए करीब 120 नेताओं को शॉर्टलिस्ट किया गया है और इन नेताओं के इंटरव्यू राहुल गांधी की मौजूदगी में किए जा रहे हैं.
सूत्रों के मुताबिक, शॉर्टलिस्ट किए गए नेताओं को करीब 10-10 के ग्रुप में 10 जनपथ बुलाया जा रहा है. यहां राहुल गांधी के साथ प्रियंका गांधी और कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल भी नेताओं से सवाल-जवाब कर रहे हैं.
7 और 8 सितंबर को करीब 8 ग्रुप के इंटरव्यू हो चुके हैं, जबकि बाकी नेताओं को 10 और 11 सितंबर को बुलाए जाने की संभावना है.
इंटरव्यू में नेताओं से पूछे जा रहे ये सवाल
राष्ट्रीय सचिव पद के लिए होने वाले इंटरव्यू में नेताओं की राजनीतिक समझ, संगठनात्मक क्षमता और जमीनी सक्रियता को परखा जा रहा है. सूत्रों के मुताबिक, नेताओं से मुख्य रूप से इस तरह के सवाल किए जा रहे हैं—
- अपना परिचय दीजिए.
- कांग्रेस में राष्ट्रीय सचिव की भूमिका क्या होती है?
- अपने राज्य में किन आंदोलनों में सक्रिय रूप से शामिल रहे हैं?
- कांग्रेस और बीजेपी के बीच सबसे बड़ा राजनीतिक अंतर क्या मानते हैं?
- आपके राज्य में ऐसा कौन सा मुद्दा रहा, जिसे कांग्रेस समय रहते नहीं उठा पाई?
- क्या आपने कांग्रेस के टिकट पर कोई चुनाव लड़ा है?
- संगठन में काम करने को आप कितना महत्वपूर्ण मानते हैं?
वरिष्ठता के बजाय काम और जमीनी सक्रियता पर जोर
कांग्रेस संगठन में राष्ट्रीय स्तर की जिम्मेदारियों के लिए अब केवल राजनीतिक वरिष्ठता को ही पैमाना नहीं बनाया जा रहा है. काम का रिकॉर्ड, जमीनी सक्रियता और संगठन के प्रति योगदान को भी अहम कसौटी माना जा रहा है.
पार्टी नेतृत्व संगठन को ज्यादा युवा, सक्रिय और आक्रामक बनाने की रणनीति पर काम कर रहा है. ऐसे नेताओं को आगे लाने पर जोर है, जो सिर्फ ‘ड्राइंग रूम पॉलिटिक्स’ तक सीमित न हों, बल्कि जमीन पर पार्टी के लिए काम करने का अनुभव रखते हों.
सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस अपने मौजूदा राष्ट्रीय सचिवों में से 60 फीसदी से अधिक चेहरों को बदलने की तैयारी में है. नए चेहरों को मौका देने के साथ ही संगठन को ज्यादा समावेशी और प्रभावी बनाने की कोशिश की जा रही है.
संगठन सृजन अभियान का अनुभव बना अहम पैमाना
राष्ट्रीय सचिव पद के लिए शॉर्टलिस्ट किए गए करीब 120 नेताओं में बड़ी संख्या ऐसे नेताओं की बताई जा रही है, जिन्होंने कांग्रेस के ‘संगठन सृजन’ अभियान के तहत अलग-अलग राज्यों में ऑब्जर्वर के तौर पर काम किया है.
इन नेताओं के संगठनात्मक काम और प्रदर्शन की रिपोर्ट भी तैयार की गई है. इंटरव्यू के दौरान राहुल गांधी उनकी राजनीतिक पृष्ठभूमि के साथ-साथ संगठन में किए गए काम और जमीनी अनुभव को भी परख रहे हैं.
राहुल गांधी की नई टीम तैयार करने की कवायद
राहुल गांधी के सक्रिय राजनीति में आने के बाद से ही कांग्रेस में नई पीढ़ी की लीडरशिप तैयार करने और संगठन में ‘जनरेशन चेंज’ लाने की कवायद उनकी प्राथमिकताओं में रही है.
यूथ कांग्रेस और NSUI में भी नियुक्तियों के लिए इंटरव्यू आधारित प्रक्रिया अपनाई जा चुकी है. इसके पीछे प्रतिभा, क्षमता और संगठनात्मक योग्यता के आधार पर नए नेताओं को आगे बढ़ाने की सोच रही है. अब इसी मॉडल को कांग्रेस के राष्ट्रीय संगठन में भी लागू करने की कवायद दिखाई दे रही है.
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राष्ट्रीय सचिवों के चयन की पूरी प्रक्रिया को राहुल गांधी की नई संगठनात्मक टीम तैयार करने की रणनीति का अहम हिस्सा माना जा रहा है. अंतिम चयन के बाद अलग-अलग राज्यों और क्षेत्रों में इन राष्ट्रीय सचिवों को जिम्मेदारियां सौंपी जाएंगी.
-भारत एक्सप्रेस
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