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मेडे के अलावा भी पायलट की इमरजेंसी डिक्शनरी में होते हैं 8 कोडवर्ड, क्या है विमान की आखिरी उम्मीद 121.5?

Flight Emergency Code Words: आमतौर पर लोग मेडे और पैन-पैन के बारे में ही जानते हैं. जबकि, पायलट की इमरजेंसी डिक्शनरी 8 कोडवर्ड होते हैं. आइये जानें

Flight Emergency Code Words

पायलट के इमरजेंसी कोडवर्ड

Flight Emergency Code Words: पिछले दिनों हैदराबाद में हुए विमान क्रैश के बाद अब उसकी रिपोर्ट आ रही हैं. इन जानकारियों ने एक तरफ बहस का माहौल है दूसरी और विमानन और उसके नियमों पर भी चर्चा हो रही है. सबसे ज्यादा मैडे इमरजेंसी कोड (Mayday Codeword) की चर्चा सबसे ज्यादा हो रही है. हालांकि, विमान नियमों में इसके अलावा भी कई कोड हैं जिनका उपयोग अलग-अलग मौकों पर किया जाता है. इसके साथ कुछ नंबर भी होते हैं जिससे बिना बात किए हालात बताए जा सकते हैं. वहीं एक इमरजेंसी रेडियो फ्रीक्वेंसी का भी उपयोग किया जाता है. आज हम आपको ATC और पायलट के बीच चर्चा के लिए बनाए गए अन्य कोड के बारे में जानकारी देते हैं.

फ्लाइट इमरजेंसी में उपयोग किए जाने वाले ‘मेडे’ (Mayday) कोडवर्ड के बारे में तो अब करीब-करीब सभी लोग जान चुके हैं. आइये हम आपको यहां इसके अलावा उपयोग होने वाले शब्दों के बारे में जानकारी देते हैं. जानते हैं अन्य शब्दों का उपयोग किन हालातों में किया जाता है.

मेडे कोडवर्ड (Flight Mayday Code Word)

ATC से संपर्क कर जब भी पायलट Mayday होले तो इसका मतलब एक्‍सट्रीम इमरजेंसी है. इस शब्द को लगातार तीन बार बोला जाता है जब इंजन फेल होने, आग लगने, क्रैश लैंडिंग जैसे हालात बनते हैं. यह शब्द फ्रेंच भाषा के ‘m’aidez’से बना है. इसका अर्थ होता है ‘मेरी मदद करो’.

पैन-पैन कोडवर्ड (Flight Pan-Pan Code Word)

पायलट पैन-पैन का उपयोग भी तुरंत मदद के लिए करता है. हालांकि, इस शब्द का मतलब मेडे से ज्यादा गंभीर नहीं होता है. विमान में किसी यात्री को कोई गंभीर समस्या हो तो Pan-Pan बोला दाता है. हालांकि, मेडिकल इमरजेंसी, नेविगेशन सिस्टम फेल, कम्युनिकेशन खराब, लैंडिंग गियर की समस्या आने पर ‘Pan-Pan Pan-Pan Pan-Pan’ बोला जाता है.

फ्यूल मेडे (Flight Fuel Mayday)

पायलट फ्यूल मेडे (Fuel Mayday) कोड का उपयोग ईंधन की समस्या पर किया जाता है. इसका अर्थ होता है कि विमान में ईंधन की कमी हो गई है. उसी तत्काल लैंड कराया जाना है.

स्क्वॉक कोड (Flight Squawk Code)

स्क्वॉक कोड वास्तव में नंबर होते हैं. इससे पायलट बिना बोले ATC को अलर्ट भेजता है. इसमें 4 अंक होते हैं. ट्रांसपोंडर से मिले अंकों के कोड के जरिए एयर ट्रैफिक कंट्रोल  विमान की स्थिति को समझ पाता है.

  • 7500 – हाईजैक हो जाने पर यह कोड को सेट किया जाता है
  • 7600 – रेडियो में खराबी या रेडियो संपर्क टूटने पर यह कोड भेजा जाता है
  • 7700 – इंजन फेलियर, आग, नियंत्रण में समस्या होने पर इसका उपयोग होता है.

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आखिरी उम्मीद 121.5 MHz

121.5 MHz इंटरनेशनल इमरजेंसी रेडियो फ्रीक्वेंसी है. इससे एयरक्राफ्ट मॉनिटर किए जाते हैं. जब पायलट के पास कोई चारा नहीं बचता है तो वह 121.5 MH पर संपर्क करता है. यह सबसे आखिरी विकल्प होता है. इस कारण इसे गार्ड फ्रीक्वेंसी भी कहा जाता है. इसके साथ ही कमर्शियल फ्लाइट प्रतिबंधित क्षेत्र में पहुंच जाती है तो सैन्य विमान सैन्‍य विमान इंटरसेप्ट कर 121.5 MHz पर संपर्क करते हैं जिससे विमान की पहचान हो सके.



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