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‘श्रमिकों की मेहनत से ही राष्ट्र की प्रगति और विकसित भारत का सपना संभव’, विश्व श्रमिक दिवस पर अमित शाह का संदेश

World Labour Day: विश्व श्रमिक दिवस पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने देशभर के श्रमिकों को शुभकामनाएं दीं. उन्होंने कहा कि श्रमिकों की मेहनत से ही राष्ट्र की प्रगति और विकसित भारत का सपना संभव है.

World Labour Day: आज विश्व श्रमिक दिवस पर देशभर के सभी मेहनतकश बहनों और भाइयों को हार्दिक शुभकामनाएं दी जा रही हैं. इसी कड़ी में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुभकामनाएं दी और सोशल मीडिया एक्स पर उन्होंने लिखा कि राष्ट्र की प्रगति में श्रमिकों का योगदान सबसे अहम माना जाता है. उनके अथक परिश्रम और समर्पण से ही देश की अर्थव्यवस्था आगे बढ़ती है और विकसित भारत का सपना साकार होता है.

‘देश की ताकत हैं श्रमिक’

हर उद्योग, हर निर्माण और हर सेवा क्षेत्र में श्रमिकों की मेहनत ही असली आधार है. चाहे फैक्ट्री हो, खेत हो या सड़क निर्माण, हर जगह उनकी भूमिका अहम है. यही वजह है कि उन्हें राष्ट्र की रीढ़ कहा जाता है.

सरकार की पहल

केंद्र सरकार ने नई श्रम संहिताओं को लागू करने की दिशा में कदम बढ़ाए हैं. इन कानूनों का मकसद श्रमिकों को ज्यादा सम्मान, बेहतर सुरक्षा और उनके जीवन स्तर को ऊँचा उठाना है. सरकार का कहना है कि इन सुधारों से कामकाजी माहौल और भी सकारात्मक होगा और श्रमिकों को उनके अधिकार आसानी से मिल पाएंगे.

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विश्व श्रमिक दिवस हमें यह याद दिलाता है कि देश की तरक्की में सबसे बड़ा योगदान उन्हीं का है जो दिन-रात मेहनत करते हैं. उनके प्रयासों को सम्मान देना और उनके जीवन को बेहतर बनाना ही असली राष्ट्र निर्माण है.

क्यों मनाया जाता है विश्व श्रमिक दिवस?

विश्व श्रमिक दिवस हर साल 1 मई को मनाया जाता है. इसे मजदूर दिवस या लेबर डे भी कहा जाता है. इस दिन को मनाने की शुरुआत 19वीं सदी में हुई थी, जब अमेरिका और यूरोप में मजदूरों ने काम के घंटे घटाने और बेहतर कामकाजी हालात की मांग को लेकर आंदोलन किया था.

कब से मनाया जाता है विश्व श्रमिक दिवस?

1 मई 1886 को शिकागो में हुए हड़ताल और हेमार्केट घटना को श्रमिक आंदोलन का बड़ा मोड़ माना जाता है. इसके बाद मजदूरों के अधिकारों को लेकर दुनिया भर में जागरूकता बढ़ी और 1 मई को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर श्रमिकों के सम्मान का दिन घोषित किया गया.

भारत में भी यह दिन मजदूरों की मेहनत और योगदान को सलाम करने के लिए मनाया जाता है. यह हमें याद दिलाता है कि देश की तरक्की में सबसे बड़ा हिस्सा उन्हीं का है जो दिन-रात काम करके अर्थव्यवस्था को आगे बढ़ाते हैं.

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-भारत एक्सप्रेस



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