अंतरराष्ट्रीय ड्रग सिंडिकेट्स के खिलाफ भारत सरकार की सख्त कार्रवाई को एक और बड़ी कामयाबी मिली है. नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो यानी NCB ने UAE से वांछित भगोड़े और अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्कर वीरेंद्र सिंह बसोया उर्फ वीरू को गिरफ्तार कर भारत वापस ला दिया है. शुक्रवार सुबह दिल्ली के आईजीआई एयरपोर्ट पर उतरते ही सुरक्षा एजेंसियों ने उसे अपनी हिरासत में ले लिया.
UAE में ऐसे हुई गिरफ्तारी
दिल्ली के सरोजिनी नगर निवासी वीरेंद्र बसोया के खिलाफ NCB के अनुरोध पर इंटरपोल ने रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया था. इसी आधार पर इसी साल जून में उसे UAE में गिरफ्तार किया गया था. इसके बाद भारतीय एजेंसियों ने विदेश मंत्रालय और यूएई प्रशासन के साथ लगातार संपर्क बनाए रखा और उसकी भारत वापसी का रास्ता साफ किया.
‘कहीं भी छिप जाएं, कानून से नहीं बच सकते’: Amit Shah
इस बड़ी कामयाबी पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोशल मीडिया पर खुशी जाहिर करते हुए कहा, ‘मोदी सरकार विदेशों में छिपे ड्रग तस्करों का नेटवर्क पूरी तरह खत्म कर रही है. ड्रग्स के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत NCB ने वीरेंद्र बसोया की भारत वापसी सुनिश्चित की है. हमारी एजेंसियों ने साबित कर दिया है कि अपराधी चाहे दुनिया के किसी भी कोने में छिप जाएं, भारतीय कानून के शिकंजे से नहीं बच सकते.’
विदेश से चलाता था नेटवर्क
बसोया का नाम भारत में पकड़ी गई नशीली दवाओं की सबसे बड़ी खेपों से जुड़ा है. फरवरी 2024 में पुणे और दिल्ली से बरामद कुल 1,837 किलोग्राम मेफेड्रोन मामले में बसोया का मुख्य हाथ था. वह विदेश से नेटवर्क चलाता था और दवाओं को दूसरे देशों में एक्सपोर्ट करता था.
इसके अलावा अक्टूबर 2024 में दिल्ली, यूपी और गुजरात के अंकलेश्वर से बरामद 1,300 किलो से ज्यादा कोकीन और हाइड्रोपोनिक वीड सिंडिकेट में भी बसोया आरोपी है.
‘ऑपरेशन ग्लोबल हंट’
NCB का यह अभियान ‘ऑपरेशन ग्लोबल हंट’ के तहत चलाया जा रहा है, जिसका मकसद विदेशों में बैठकर भारत में ड्रग्स सप्लाई करने वाले बड़े सरगनाओं को पकड़ना है. इससे पहले तुर्की से मोहम्मद सलीम डोला और मलेशिया से नवीन चिचकर को भी इसी नीति के तहत भारत लाया जा चुका है.
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.
