वित्त वर्ष 2026 में भारतीय अर्थव्यवस्था की वृद्धि दर 6.5-6.9% के बीच रहने की संभावना: FICCI
FICCI) ने गुरुवार (16 जनवरी) को अनुमान लगाया कि भारतीय अर्थव्यवस्था वित्त वर्ष 26 में 6.5-6.9 प्रतिशत की वृद्धि दर दर्ज करेगी, जो इनफ्लेशन के दबाव में कमी, पूंजीगत व्यय (कैपेक्स) पर निरंतर जोर और उपभोक्ता खर्च में तेजी के कारण होगी.
Wholesale Price Index: भारत में थोक महंगाई दर दिसंबर में 2.37 प्रतिशत रही
Wholesale Price Index: नवंबर 2024 के मुकाबले दिसंबर 2024 में ईंधन और बिजली सूचकांक में 1.90 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई. दिसंबर महीने के दौरान बिजली और कोयले की कीमत में क्रमश: 8.81 प्रतिशत और 0.07 प्रतिशत बढ़ोतरी हुई.
अगली चार तिमाहियों में 7% से ऊपर रह सकती है भारतीय अर्थव्यवस्था की औसत वृद्धि: Franklin Templeton
Franklin Templeton का कहना है कि अगले चार तिमाहियों में भारत की आर्थिक वृद्धि औसतन 7% से ऊपर रह सकती है. ऐसा सरकार की नीतियों और घरेलू मांग के कारण होगा.
2025 में भारत की अर्थव्यवस्था 6.6% की दर से आगे बढ़ेगी, उपभोग, निवेश और निर्यात से वृद्धि का अनुमान: UN रिपोर्ट
Economic Growth of India: UN की रिपोर्ट के अनुसार, भारत की अर्थव्यवस्था 2025 में 6.6% की गति से बढ़ेगी, जिसका मुख्य कारण उपभोग, निवेश और निर्यात में वृद्धि है. दक्षिण एशिया में भी सकारात्मक आर्थिक दृष्टिकोण है.
नए साल पर पाकिस्तान की जनता पर महंगाई की मार, बढ़े पेट्रोल और डीजल के दाम
पाकिस्तान सरकार ने बीते 15 दिसंबर को पेट्रोल और डीजल की नई कीमतों का ऐलान किया था. वित्त मंत्रालय ने नई कीमतों के बारे में अधिसूचना जारी कर दी है, जो 1 जनवरी सुबह 12 बजे से लागू हो जाएंगी.
तीन महीने के निचले स्तर पर पहुंचा थोक मूल्य सूचकांक, जानें किन खाद्य पदार्थों की कीमतों में आई गिरावट
आंकड़ों के अनुसार, नवंबर में WPI खाद्य महंगाई दर घटकर 8.63 प्रतिशत पर आ गई, जो अक्टूबर में 13.54 प्रतिशत थी. सब्जियों की कीमतों में गिरावट के कारण यह गिरावट आई है.
नवंबर में सालाना आधार पर CPI इन्फ्लेशन 5.5 प्रतिशत तक घटने की उम्मीद: Morgan Stanley
रिपोर्ट में अनुमान लगाया गया है कि मासिक सूचकांक में क्रमिक गिरावट दर्ज की जाएगी, जिसका मुख्य कारण खाद्य कीमतों में गिरावट है. रिपोर्ट में कोर CPI में गिरावट की ओर भी इशारा किया गया है, जिसमें खाद्य और ईंधन को छोड़कर सामान और सेवाएं शामिल हैं, जो एक योगदान कारक है.
भारत की अर्थव्यवस्था मजबूत विकास के साथ बेहतर स्थिति में, 2024 में 7.2% की वृद्धि का अनुमान: Moody’s Report
मूडीज रेटिंग्स के अनुसार, यह भी उम्मीद है कि अप्रैल-जून तिमाही में 6.7 प्रतिशत की वृद्धि दर दर्ज करने के बाद जुलाई-सितंबर तिमाही में भारतीय अर्थव्यवस्था अपनी स्थिर गति बनाए रखेगी.
खुदरा महंगाई दर 14 महीने के उच्चतम स्तर पर पहुंची, अक्टूबर में 6.21 प्रतिशत रही
खुदरा महंगाई दर बढ़ने की वजह बीते महीने सब्जियों की कीमतों में तेज बढ़ोतरी को माना जा रहा है. अक्टूबर में सब्जियों की कीमतों में 42.18 प्रतिशत का इजाफा हुआ है.
क्या आप जानते हैं 1 लाख रुपये की वैल्यू 20, 30 और 40 साल के बाद कितनी होगी? क्यों है इसे समझना जरूरी?
रुपये की भविष्य की वैल्यू जानना इसलिए जरूरी है क्योंकि यह आपको इस बात का अंदाजा देता है कि आपकी मौजूदा सेविंग्स भविष्य में आपकी जरूरतों और लक्ष्यों को पूरा करने के लिए पर्याप्त हैं या नहीं.





