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Supreme Court

सुप्रीम कोर्ट ने देशभर के हाई कोर्ट में महिलाओं के खिलाफ दी गई विवादास्पद टिप्पणियों पर चिंता जताई है. सीजेआई सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की पीठ ने कहा कि ऐसे अवलोकन पीड़िताओं के अधिकार और गरिमा पर नकारात्मक प्रभाव डालते हैं.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तुलना 'शिवलिंग पर बैठे बिच्छू' से करने वाले बयान के मामले में कांग्रेस नेता शशि थरूर को मिली राहत को सुप्रीम कोर्ट ने फरवरी 2026 तक बढ़ा दिया है.

सुप्रीम कोर्ट ने 2023 के कर्नाटक विधानसभा चुनाव में वरुणा सीट से मुख्यमंत्री सिद्धरमैया की जीत को चुनौती देने वाली याचिका पर नोटिस जारी कर उनका जवाब मांगा है. यह नोटिस जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की पीठ ने जारी किया.

इंडिगो की 1000+ उड़ानों के बड़े पैमाने पर रद्द होने के बाद दायर जनहित याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई से इनकार कर दिया. कोर्ट ने कहा कि एयरलाइंस संचालन न्यायालय का काम नहीं, यह सरकार का विषय है और सरकार पहले ही मामले की जांच कर रही है.

सुप्रीम कोर्ट के नए आदेश ने अरावली पर्वत शृंखला के बड़े हिस्से को संरक्षण से बाहर कर दिया है. जानिए कैसे 100 मीटर की ऊंचाई का यह पैमाना दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण, जल संकट और खनन के खतरे को बढ़ा सकता है.

मुंबई में लोकसत्‍ता व्याख्यान के दौरान न्यायमूर्ति बी.आर. गवई ने कहा- भारत सदियों से समान अवसर की लड़ाई लड़ रहा है. संविधान ने इसे मजबूत किया, लेकिन अभी भी बहुत कुछ करना बाकी है.

अयोध्या बाबरी मस्जिद मामले के पूर्व पक्षकार इक़बाल अंसारी ने मुर्शिदाबाद में बाबरी मस्जिद की नींव रखने के प्रयास का विरोध किया है। उनका कहना है कि सुप्रीम कोर्ट का फैसला आ चुका है, मुसलमानों को 5 एकड़ भूमि मिल चुकी है और राम जन्मभूमि पर मंदिर निर्माण भी पूरा हो रहा है। अब मंदिर–मस्जिद की राजनीति की कोई जरूरत नहीं है। अंसारी ने कहा कि देश को सौहार्द, विकास और भाईचारे की जरूरत है, न कि धार्मिक विवादों की। उन्होंने 6 दिसंबर बाबरी ढांचा बरसी मनाने पर भी आपत्ति जताई और अयोध्या की गंगा-जमुनी तहज़ीब को आगे बढ़ाने की अपील की।

इंडिगो की 1000 से ज्यादा उड़ानों को रद्द किए जाने का मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है. सुप्रीम कोर्ट के वकील नरेंद्र मिश्रा ने सीजेआई सूर्यकांत को पत्र लिखकर पूरे संकट पर स्वतः संज्ञान लेने और तुरंत हस्तक्षेप की मांग की है.

जस्टिस केटी देसाई मेमोरियल लेक्चर के दौरान जस्टिस बी.आर. गवई ने कहा- अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता लोकतंत्र की आधार है. संविधान ने इसे मजबूत सुरक्षा दी, लेकिन सार्वजनिक व्यवस्था के लिए सीमाएं भी तय कीं.

उत्तर प्रदेश में चल रहे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के लिए समय बढ़ाने की मांग वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट 9 दिसंबर को सुनवाई करेगा.