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विशाल तिवारी, संपादकीय सलाहकार




भारत एक्सप्रेस


सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल, पटपड़गंज में पिछले 15 वर्षों से प्रधान सलाहकार (Principal Consultant) के तौर पर सेवाएं दे रहे डॉक्टर दीपक अरोड़ा बता रहे हैं कि प्रदूषण सिर्फ फेफड़ों को नहीं, बल्कि हड्डियों और जोड़ों को भी गहराई से नुकसान पहुंचा रहा है.

हर साल 26 नवंबर को भारत में संविधान दिवस मनाया जाता है. यह दिन भारतीय संविधान को अपनाए जाने की याद में समर्पित है. संविधान के निर्माण में बेनेगल नरसिंग राव (बी. एन. राव) की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण थी, जिन्हें "संविधान का वास्तुकार" कहा जाता है.

सत्य साईं बाबा की जन्म शताब्दी पर उनकी शिक्षाओं, सेवा कार्यों और विवादों पर चर्चा. उन्होंने आध्यात्मिकता को मानव-सेवा का पर्याय बनाया और शिक्षा, स्वास्थ्य व जल योजनाओं से करोड़ों लोगों को लाभ पहुंचाया.

फरहान अख्तर की फिल्म ‘120 बहादुर’ ने 18 नवंबर 1962 की रेजांगला लड़ाई के अभूतपूर्व साहस को फिर जीवंत कर दिया है. मेजर शैतान सिंह और 13 कुमाऊं रेजिमेंट की 120 जवानों वाली कंपनी ने 4,000 चीनी सैनिकों का डटकर मुकाबला कर इतिहास रचा. यह कथा आज भी भारतीय सेना की शौर्य-परंपरा का सबसे उज्ज्वल अध्याय है.

भारतीय समाजवादी परंपरा के प्रमुख स्तंभ और प्रखर चिंतक सच्चिदानंद सिन्हा का 96 वर्ष की आयु में मुजफ्फरपुर में निधन हो गया.

मानगढ़ धाम का अध्याय भारत के स्वतंत्रता संग्राम का सबसे दर्दनाक सत्य है. 17 नवंबर 1913 को ब्रिटिश हुकूमत और देसी रियासतों ने भील आदिवासियों पर जो गोलियों की बारिश की, वह जलियांवाला बाग से भी कई गुना बड़ा नरसंहार था.

बाबू गेंदा सिंह महान विचारक, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी, किसानों के हितैषी होने के साथ एक सच्चे लोकसेवक थे. उन्होंने अपना संपूर्ण जीवन अपने लिए नहीं बल्कि दूसरे लोगों की भलाई में समर्पित कर दिया.

पंडित जवाहरलाल नेहरू के जन्मदिन पर विशेष- पंकज चतुर्वेदी की पुस्तक जवाहरलाल नेहरू हाज़िर हों नेहरू के कारावास काल और अदालतों में उनके न्याय संघर्ष को जीवंत करती है.

खक- संपादक यशवंत व्यास की हालिया किताब "बेगमपुल से दरियागंज" हिंदी साहित्य की उस अनदेखी, लेकिन जीवंत दुनिया का एक ऐसा दस्तावेज है जो 'पल्प' या लुगदी साहित्य के शौकीनों के लिए किसी खजाने से कम नहीं.

'वंदे मातरम' की रचना बंकिमचंद्र चट्टोपाध्याय ने 1875 में अपने उपन्यास आनंदमठ के लिए की थी. यह गीत संस्कृत और बांग्ला का मिश्रण है, जो भारतमाता की प्राकृतिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक समृद्धि का गुणगान करता है.